डग्गामारी में जीप, टाटा मैजिक छोड़िए, एआरटीओ ने बसों को भी दौड़ाने की अनुमति दे रखी है। अभियान के दौरान पकड़ी गई बसों की जांच के बाद विभाग की भी पोल खुली है। अफसर बसों के परमिट की जांच पड़ताल कर रहे हैं। देहात के संपर्क मार्गों पर टीम ने चार वाहनों को सीज कर आधा दर्जन से अधिक के चालान काटे हैं।
परिवहन आयुक्त के आदेश पर चल रहे डग्गामारी के खिलाफ अभियान में रोडवेज और एआरटीओ विभाग के अधिकारी दल-बल के साथ दौड़ लगा रहे हैं। डग्गामारी पर पूर्ण रूप से प्रतिबंध लगाने के फरमान से अफसरों की नींद उड़ी हुई है। साथ ही प्रतिदिन की कार्रवाई से शासन को भी ऑनलाइन अवगत कराना है।
जनपद के रामपुर तिराह, सुजडू चुंगी, बाईपास, भोपा बाईपास, सिसौना गांव के निकट डग्गामारों के विरुद्ध एआरटीओ प्रवर्तन सुभाष राजपूत, एआरएम बीपी अग्रवाल, डिपो कर्मी अनुज त्यागी, राजकुमार तोमर आदि ने दल-बल के साथ अभियान चलाया। इस दौरान दो बड़ी बसे डग्गामारी में दौड़ती मिलीं, जिन्हें जांच पड़ताल के बाद सीज किया गया। इसके अलावा भी टाटा मैजिक, जीप आदि करीब आठ छोटे वाहन सीज किए। आधा दर्जन से अधिक के चालान काटकर कड़ी चेतावनी दी गई।
अपने घर में निकल रहे चोर
मुजफ्फरनगर। रोडवेज अधिकारी डग्गामारी के खिलाफ अभियान चलाने में लगे हैं। डग्गामारी पर तो अंकुश लगाने के लिए अफसरों की फौज सड़क पर है। साथ ही डिपो में अपने घर के कर्मचारी चपत लगा रहे हैं। बुधवार को वहलना चौक के निकट रोडवेज के टीआई ने कई बसों की जांच पड़ताल की। प्रत्येक बस में दो से अधिक यात्रियों के परिचालकों ने पैसे लेकर टिकट नहीं बनाए थे। यात्रियों को बिना टिकट यात्रा कराते हुए पकड़ा है। इनकी रिपोर्ट बनाकर एआरएम को सौंपी गई है।