बीएसए कार्यालय में अपनी उपस्थिति लगाता कर्मचारी।
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बृहस्पतिवार को अफसरों से लेकर कर्मचारी तक भ्रम में रहे। अवकाश की पूर्व में कोई सूचना नहीं मिलने के कारण कर्मचारी, अधिकारी सुबह ही दफ्तरों पर पहुंच गए। उप्र सामान्य प्रशासन अनुभाग ने प्रदेश में वर्ष 2017 की अवकाश सूची में गुरु तेगबहादुर शहीदी दिवस का 24 नवंबर को अवकाश घोषित किया था।
इसको लेकर बीच ही लखनऊ के ऐतिहासिक गुरुद्वारा श्री गुरु तेग बहादुर साहिब के प्रत्यावेदन के आधार पर अवकाश का दिन और तिथि बदली गई। जिसमें गुरु तेग बहादुर का शहीदी दिवस 24 नवंबर के बजाए 23 नवंबर 2017 को मनाए जाने पर अंतिम मुहर लगी। प्रदेश सरकार ने इस अवकाश को लेकर 22 नवंबर को ही नोटिफिकेशन जारी किया, लेकिन जिले में यह नोटिफिकेशन नहीं मिल सका।
इसके चलते बृहस्पतिवार को अफसर और कर्मचारी भ्रम में रहे। अधिकारियों और कर्मचारियों को 24 नवंबर के अवकाश का पता रहा। जिसके चलते कर्मचारियों ने सुबह ही दफ्तर खोल दिया। अन्य जिलों में सरकारी अवकाश होने की सूचना से कर्मचारियों में हड़कंप मच गया।
हालांकि तब तक स्वास्थ्य विभाग, विकास भवन, कलक्ट्रेट, बीएसए, डीआईओएस, रोडवेज, एआरटीओ के साथ तमाम विभागों में कर्मचारियों ने अपनी हाजिरी दर्ज करा दी। सुबह करीब 11 बजे के बाद आला अफसरों ने छुट्टी को कंफर्म किया। उसके बाद कुछ कर्मचारी घरों को लौट गए तो कुछ ने कार्यालय खोलकर पेडिंग कार्य निपटाए। उधर, फरियादियों और आम लोगों के लिए कार्यालयों में छुट्टी रखी गई।