शासन के आदेश पर सूबे की जेलों से शातिर बंदियों को दूसरी जेलों में शिफ्ट किया जा रहा है। जेलों के भीतर के माहौल को दुरुस्त करने के लिए योगी सरकार ने यह कदम उठाया है। जनपद की कारागार से भेजी गई 32 बंदियों की सूची से पांच पहले और दो बंदी शनिवार रात दूसरी जेलों के लिए कड़ी सुरक्षा में शिफ्ट कर दिए गए।
दूसरी जेलों से छह बंदियों को जनपद कारागार में भेजा गया है। इसमें उत्तराखंड सरकार के पूर्व दर्जा प्राप्त राज्यमंत्री मसूद मदनी भी शामिल हैं। अफसरों ने पूर्व मंत्री सहित दो बंदियों को तन्हाई बैरक में रखा है। जेलों के भीतर की व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए शासन ने जेलों में बंद शातिरों को सूबे की दूसरी जेलों में शिफ्ट करने का निर्णय लिया है।
इसके चलते जेल अफसरों ने 32 बंदियों की सूची शासन को भेजी थी। जिसमें से गत सप्ताह पांच बंदियों गुलवीर को फतेहगढ, मोनू को आगरा, भीम को सीतापुर, नौशाद को गोंडा और नरेंद्र का बस्ती जेलों में भेजा गया था।
शनिवार देर रात जेल में बंद शातिर प्रभाष को उन्नाव और आशू उर्फ अनिरुद्ध को कानपुर जेल स्थानांतरित किया है। उधर, जनपद की जेल में अन्य जनपदों से छह शातिरों को भेजा गया है। जिसमें बागपत से संदीप उर्फ भरतू पुत्र धर्मवीर और कपिल पुत्र सूरज, गोरखपुर से जाफर पुत्र सहाजन, मऊ से सत्यव्रत राय पुत्र दानबहादुर के अलावा सहारनपुर से बहसर पुत्र मंजूरा और उत्तराखंड से पूर्व दर्जा प्राप्त राज्यमंत्री मसूद मदनी को जनपद की कारागार में भेजा गया है। जेल अफसरों ने बाहर से आए बंदियों को लेकर कड़ी सुरक्षा की है। मसूद मदनी और सत्यव्रत को तन्हाई बैरकों में रखा गया है।
पूर्व मंत्री पर है दुष्कर्म का आरोप
जिला कारागार में सहारनपुर से आए बंदी मसूद मदनी उत्तराखंड सरकार में पूर्व दर्जा प्राप्त राज्य मंत्री रहे हैं। मदनी पर हरियाणा के जींद निवासी बेऔलाद महिला ने बच्चा कराने के लिए उपचार के बहाने घर पर अकेली बुलाकर दुष्कर्म करने का आरोप लगाया था।
16 मार्च को हुई इस घटना में देवबंद पुलिस ने गत माह ही आरोपी मदनी के खिलाफ दुष्कर्म की रिपोर्ट लिखकर उसे जेल भेज दिया था। शासन के आदेश पर शनिवार रात मदनी को वहां से जनपद की जेल में भेज दिया गया।
----------------कोट
बाहर से आए बंदियों को कड़ी सुरक्षा में रखा जाएगा। 32 बंदियों में से सात को भेजा जा चुका है बाकी 25 बंदियों को भी आदेश मिलते ही जल्दी ही दूसरी जेलों के लिए रवाना कर दिया जाएगा। अभी बाहर की जेलों से और बंदियों के आने की संभावना है - राकेश सिंह, जेल अधीक्षक।