छपार क्षेत्र में बदमाशों ने ताजपुर के जंगल में चरवाहों से लूटपाट की। बाद में एक चरवाहे का अपहरण कर ले गए, जिसे छोड़ने के एवज में एक करोड़ रुपये की फिरौती मांगी है। घटना से पुलिस में हड़कंप मच गया। बदमाशों को तलाश किया, मगर सफलता नहीं मिली। पुलिस ने अपहरण का मामला दर्ज कर जांच-पड़ताल शुरू कर दी है।
जनपद सहारनपुर के थाना रामपुर मनिहारान के गांव शिवदासपुर निवासी प्रेमचंद्र पुत्र रहतू और उसके साथी मेनपाल गांव कांसोपुर थाना बेहट और अर्जुन निवासी रामपुर मनिहारान छपार क्षेत्र में अपनी भेड़ों को लेकर उन्हें चराने आए थे। मंगलवार को तीनों छपार थाने के गांव ताजपुर के जंगल में पहुंचे और रात होने पर वहीं विश्राम के लिए रुक गए।
आरोप है कि रात करीब 12.30 बजे आठ सशस्त्र बदमाश उनके पास पहुंचे और हथियारों के बल पर आतंकित कर उनसे मोबाइल और 2350 रुपये लूट लिए। बदमाश प्रेमचंद्र का अपहरण कर उसे साथ ले गए। जाते समय बदमाशों ने प्रेमचंद्र के फोन से उसके भाई पद्म सिंह को कॉल कर एक करोड़ रुपये की फिरौती का इंतजाम करने के लिए कहा। साथ ही बदमाशों ने कहा कि उनके पास एक पत्र आएगा, जिसमें समय और स्थान लिखा होगा, वहीं पर फिरौती की रकम पहुंचानी है।
कॉल करने वाले ने यह भी कहा कि अगर पुलिस को बताने की कोशिश की तो प्रेमचंद्र की हत्या कर दी जाएगी। रात्रि में ही अपहृत के साथी हाईवे पर स्थित एक ढाबे पर पहुंचे तो उन्होंने बरला पुलिस चौकी पर भेज दिया। उन्होंने पुलिस को जानकारी दी, जिससे पुलिस में हड़कंप मच गया। सूचना पर एसपी सिटी ओमवीर सिंह, सीओ सदर योगेंद्र सिंह के अलावा पुरकाजी और छपार पुलिस एवं क्राइम ब्रांच टीम डॉग स्क्वायड को साथ लेकर मौके पर पहुंचे।
घंटों तक जंगल की कांबिंग के बाद भी बदमाशों और अपहृत का कोई सुराग नहीं लग सका। एसपी सिटी ओमवीर सिंह ने बताया कि सूचना ये ही मिली थी कि भेड़ चराने वाले का अपहरण कर एक करोड़ की फिरौती की मांग की गई है, जबकि जिसका अपहरण हुआ है उसकी हैसियत एक करोड़ की नहीं है।
पूछताछ में बाकी साथियों ने बताया कि जाते हुए बदमाश एक करोड़ रुपये की मांग कर गए थे। जांच में पता चला कि कथित अपहृत प्रेमचंद्र पर भी किसी के करीब साढ़े चार लाख रुपये उधार हैं। उसके भाई पर भी कुछ रुपये उधार हैं। फिलहाल पुलिस ने अपहरण का मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस पूरे मामले की गहनता से जांच-पड़ताल की जा रही है।