राज्य कर्मचारी कल्याण निगम के कलक्ट्रेट के डिपो इंचार्ज नुरुदीन 11 लाख से अधिक का घोटाला करने के बाद रिकॉर्ड लेकर फरार है। इस मामले में अफसरों की लापरवाही उजागर हुई है। घोटाले के बारे में अफसरों को जानकारी देने और सिविल लाइन थाने में तहरीर देने के बाद भी मुकदमा दर्ज नहीं हुआ है।
डिपो इंचार्ज नुरुदीन पर आरोप है कि उसने विभाग में 11 लाख से अधिक का घोटाला किया है। निलंबन के एक महीने बाद भी उसने रिकॉर्ड विभाग को नहीं दिया है। वह रिकॉर्ड लेकर फरार है। नुरुदीन की जगह चार्ज पर आए सुरेशपाल चौहान ने इस संबंध में डीएम डीके सिंह और एसएसपी बबलू कुमार को भी शिकायत की है।
सिविल लाइन थाने में तहरीर दी गई है। आठ मार्च को तहरीर दिए जाने के बाद भी आज तक कोई सुनवाई नहीं हुई। कलक्ट्रेट में हुए इतने बड़े घोटाले को अफसर हल्के में ले रहे हैं। इस संबंध में जब सिविल लाइन एसओ नीरज सिंह से बात हुई, तो उन्होंने कहा कि मामले की जांच कर रहे हैं। जांच के बाद ही आगे की कार्रवाई होगी।