क्राइम ब्रांच टीम ने दो वर्ष से फरार 12 हजार के इनामी बदमाश को अंतरराज्यीय गिरोह के तीन साथियों के साथ पकड़ लिया। पकड़े गए बदमाशों से पुलिस ने चोरी के तीन ट्रक, तमंचा, देशी रायफल, चाकू और वाहनों के फर्जी कागजात बरामद किए हैं। शातिर पंजाब, हरियाणा आदि राज्यों से वाहनों को चोरी कर फर्जी नंबर लगाकर बेचते थे। पुलिस ने आरोपियों का चालान कर दिया है।
क्राइम ब्रांच प्रभारी के इंटलीजेंस प्रभारी सुनील शर्मा और स्वॉट प्रभारी प्रवेश कुमार की टीम ने नई मंडी कोतवाली पुलिस के साथ मिलकर मंगलवार रात रथेड़ी के पशु पैंठ से चार बदमाशों को गिरफ्तार किया था। बुधवार दिन में पुलिस लाइन में प्रेसवार्ता कर एसएसपी बबलू कुमार ने बदमाशों के बारे में मीडिया को जानकारी दी। कप्तान ने बताया कि पकड़े गए बदमाशों में दो वर्ष से फरार चल रहा बदमाश 12 हजार का इनामी अंतरराज्यीय बदमाश दिलशाद उर्फ चिल्लू पुत्र नत्थू निवासी गढडी पुख्ता, शामली है।
इसके साथ तीन साथी शाकिब पुत्र अब्बास निवासी दबेड़ी, बुढ़ाना, उस्मान उर्फ चकरोता पुत्र इरशाद निवासी झिंझाना, शामली और खान मोहम्मद पुत्र शान मोहम्मद, निवासी न्याजूपुरा शहर कोतवाली है। बताया कि आरोपी पंजाब, हरियाणा आदि प्रदेशों से वाहन चोरी कर उन पर फर्जी नंबर प्लेट लगाकर बेचने का काम करते हैं। बदमाशों से दस टायरा, 12 टायरा और कैंटर छह टायरा सहित तीन ट्रक बरामद हुए हैं।
इनके अलावा तमंचा 315 बोर, देशी रायफल मय कारतूस, छुरी, फर्जी आरसी, आधार कार्ड और ड्राइविंग लाइसेंस के अलावा कंप्यूटर, स्कैनर प्रिंटर और अन्य उपकरण बरामद हुए हैं। कप्तान ने बताया कि गैंग के पांच सदस्य इसरार पुत्र नफीस झिंझाना, शामली, आशू निवासी सुजडू्, शहर कोतवाली, तहसीम पुत्र भुट्टू ,इरफान पुत्र इस्लाम तथा अशरफ पुत्र इकराम निवासीगण बघरा तितावी है। इनकी तलाश में पुलिस जुटी है। जल्दी ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
दो साल से था हत्या के मामले में फरार
मुजफ्फरनगर। क्राइम ब्रांच ने जिस बदमाश दिलशाद उर्फ चिल्लू को पकड़ा है। इसनेे पांच फरवरी 2015 को शहर कोतवाली के बुढ़ाना मोड़ पर बघरा निवासी अकरम की गोली मारकर हत्या कर दी थी। घटना में आशू नाम का युवक गोली लगने से घायल हो गया था। नसीम ने दिलशाद के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई थी, उसी दिन से आरोपी फरार चल रहा था। पुलिस उसकी तलाश में जुटी थी
आरसी से लेकर आधार कार्ड तक सब फर्जी
मुजफ्फरनगर। क्राइम ब्रांच ने न्याजूपुरा निवासी जिस खान मौहम्मद को पकड़ा है, यही गाड़ियों की फर्जी आरसी तैयार करता था। पुलिस के अनुसार खान आधार कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस आदि सभी कागजात कंप्यूटर के माध्यम से फर्जी तैयार कर देता है। सभी कागजात इतनी सफाई से बनाए जाते है कि कोई उन्हें पहचान नहीं पाता। घर में रखे कंप्यूटर से वह आरटीओ से संबधित सभी पेपर बना देता है।
खड़े वाहन को करते हैं चोरी
मुजफ्फरनगर। पकड़े गए शातिरों के बारे में बताया गया कि सब पंजाब और हरियाणा जाते हैं। एकांत में खड़े वाहन को स्टार्ट कर चोरी कर लेते हैं। इस तरह का वाहन नहीं मिलने पर सवारी के रूप में किसी भी वाहन में बैठ जाते हैं और चालक की पिटाई कर उसे लूट कर भाग जाते थे। उसके बाद वाहन को मुजफ्फरनगर लाकर नंबर बदलकर बेच देते थे। आरोपी कई वर्षों से वाहन चोरी से जुड़े हैं।