मुजफ्फरनगर। जिला कारागार में शनिवार शाम कुख्यात सतेंद्र बरवाला और विक्की त्यागी के समर्थक बंदियों के बीच हुई मामूली कहासुनी ने संघर्ष का रूप ले लिया।
दोनों तरफ से लात, घूसों के अलावा चम्मचें घिसकर बनाई गई कट्टनों से हमले किए गए। इसमें आधा दर्जन के लगभग बंदी घायल हो गए। सूचना पर जेल प्रबंधन ने लाठियां भांजकर बंदियों को बैरकों में पहुंचाया। घायलों की जेल अस्पताल में ही मरहम पट्टी कर दी गई है। फिलहाल जेल में दो गुटों के बीच तनाव बना हुआ है।
नई मंडी कोतवाली से दुकानदार को गोली मारने के तीन आरोपी गौरव शर्मा, संजीव, विक्की शनिवार को जिला कारागार में भेजे गए थे। शाम कारागार में दाखिल होने के बाद तीनों को जेल प्रशासन ने बैरक नंबर 14ए में भेज दिया।
इसी बीच बैरक नंबर 14बी में बंद एक लाख के इनामी रहे सतेंद्र बरवाला के साथी के साथ तीनों की कहासुनी हो गई। इस पर कुख्यात विक्की त्यागी के समर्थक बंदी भी बरवाला पक्ष के विरोध में आ गए। कहासुनी देखते ही देखते इतनी बढ़ी कि दोनों गुटों के बंदी आपस में भिड़ गए।
लात-घूसों के अलावा चम्मचों को घिसकर बनाई गई कट्टनों से एक-दूसरे पर हमले किए गए। संघर्ष में आधा दर्जन के लगभग बंदी लहूलुहान हो गए।
इस दौरान प्रदीप नाम के बंदी का सिर फूट गया। झगड़े की सूचना पर जेलर भी पुलिसकर्मियों के साथ बैरक की ओर दौड़े और झगड़ा करने वाले बंदियों को छुड़ाने का प्रयास किया। बंदियों द्वारा मारपीट बंद नहीं करने पर जेल के सिपाहियों ने उन पर लाठियां भांजी और कड़ी मशक्कत के बाद सभी को उनकी बैरकों के भीतर धकेल दिया।
कार्रवाई के दौरान भी दोनों पक्ष के बंदी एक दूसरे को देख लेने की धमकी देते रहे। बाद में जेलर ने घायल सभी बंदियों को उपचार के लिए चिकित्सालय में भर्ती कराया। जेल में दोनों पक्ष के बंदियों के बीच फिलहाल तनाव की स्थिति है।
जेल के अंदर झगड़े की सूचना मिली है। कुख्यात अपराधी सतेंद्र बरवाला और विक्की त्यागी गैंग के कुछ बंदियों में मारपीट हुई है। जेल प्रशासन ने पुलिस को सूचना नहीं दी है। झगड़ा छोटा था, जेल में अंदर की निपटा लिया गया है।
प्रदीप गुप्ता, एसपी सिटी।