अगवा कार चालक शाहपुर क्षेत्र में मिला
मुजफ्फरनगर।
तीन दिनों से कथित रूप से अपहृत कार चालक शाहपुर क्षेत्र के मीरापुर गांव के पास से मिला। आरोप लगाया कि किनौनी के फाइनेंसर ने अपहरण कर बंधक बना रखा था। जांच में पुलिस ने पूरा मामला झूठा बताया है। पुलिस का कहना है कि मामला रुपयों के लेनदेन का है।
नईमंडी के गांव अलमासपुर निवासी एक महिला ने तीन दिन पहले शहर कोतवाली पर तहरीर देकर एक फाइनेंसर पर उसके पति का अपहरण करने का आरोप लगाया था, तभी से पुलिस मामले को संदिग्ध मानते हुए जांच पड़ताल कर रही थी। तीन दिन बाद बुधवार को कथित अपहृत कार चालक शाहपुर के मीरापुर गांव के पास मिला। एक सूचना पर शाहपुर पुलिस ने उसे बरामद कर शहर कोतवाली पुलिस को सौंप दिया। शाहपुर इंस्पेक्टर ब्रजेश प्रताप सिंह यादव ने बताया कि अपहरण का मामला फर्जी लग रहा है। उधर, शहर कोतवाली पुलिस ने उससे पूछताछ की। उसने आरोप लगाया कि फाइनेंसर ने तीन दिन पहले शामली बस स्टैंड पर उसकी कार छीन कर उसका अपहरण कर लिया था। शाहपुर के गांव मीरापुर के जंगल में उसे बंधक बना रखा था। सीओ मंडी और शहर कोतवाल ने उसे लेकर जाकर घटनास्थल का निरीक्षण किया। शहर कोतवाल संजीव शर्मा ने बताया कि पूरा मामला झूठा है। फाइनेंसर विकास से कार चालक रविंद्र ने करीब 50 हजार रुपये उधार लिए थे, जो नहीं दिए। जिस पर फाईनेंसर ने तीन दिन पहले उससे उसकी जायलो कार ले ली थी। पुलिस मामले की जांच-पड़ताल कर रही है।