फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

भट्ठा कारोबारी जितेंद्र हत्याकांड का खुलासा

विज्ञापन
विज्ञापन
मुजफ्फरनगर।
विज्ञापन

भोपा पुलिस ने वजीराबाद के भट्ठा कारोबारी जितेंद्र हत्याकांड का खुलासा कर दिया। उसके चालक ने ही हत्या की थी। हत्या का कारण हत्यारोपी की जमीन बेच कर रुपये शराब आदि में उड़ाने का बताया गया। पुलिस ने हत्यारोपी को हत्या में प्रयुक्त देशी पिस्टल समेत गिरफ्तार कर जेल भेज दिया।
विज्ञापन

एसपी देहात अजय सहदेव ने पत्रकारों को वारदात के खुलासे की जानकारी दी। बताया कि 22 अक्तूबर को वजीराबाद निवासी भट्ठा कारोबारी जितेंद्र पुत्र त्रिपाल सिंह हत्या कर दी गई थी। भट्ठे के पास ही उसका शव पड़ा मिला था। मृतक के भाई कुलदीप ने अज्ञात में हत्या का मुकदमा दर्ज कराया था। भोपा पुलिस ने सोमवार शाम को एक सूचना के आधार पर सुरेंद्र उर्फ सूबे सिंह निवासी गांव महमसापुर, नांगल जिला बिजनौर को मोरना बस स्टैंड से गिरफ्तार किया। पूछताछ की गई, तो उसने जितेंद्र की हत्या करने का इकबाल किया। हत्यारोपी ने बताया कि वह बीते 20 वर्ष से जितेंद्र के घर पारिवारिक सगों की भांति रह रहा था। वह उसका चालक था। बताया कि जितेंद्र शराब पीने का आदी था। उसने अपनी करीब छह बीघा खेती की जमीन और साझे के दो ट्रक और एक बोलेरो गाड़ी बेचकर पैसा अपने घर परिवारों को न देकर अपने शौक में लुटा दिया। एसपी देहात ने बताया कि एक बोलेरो में जितेंद्र, ड्राईवर सुरेंद्र तथा पूर्व प्रधान सुभाषचंद की बराबर की साझेदारी थी। चार माह पहले इस बोलेरो को जितेंद्र ने बेच दिया था। सुरेंद्र के हिस्से के डेढ़ लाख रुपये जितेंद्र ने नहीं दिए थे। इसी से वह उससे रंजिश रखने लगा था। घटना के दिन सुरेंद्र ने जितेंद्र के साथ पहले भट्ठे पर और फिर ट्यूबवेल पर जाकर शराब पी। बेची गई बोलेरो के रुपये न देने पर सुरेंद्र उर्फ सूबेसिंह ने 32 बोर के तमंचे से तीन गोलियां मार कर जितेंद्र की हत्या कर दी। हत्या करने के बाद सुरेंद्र तमंचा एक ट्यूबवेल के पास ईख के खेत में छुपाकर मृतक जितेंद्र के घर गया और रात को वहीं पर रहा। सुबह परिजनों के साथ मौके पर ञआयव और फिर उसके ऊक्रियाक्रम में शामिल होकर सुबह को ट्रक लेकर गुजरात और अहमदाबाद चला गया। एसपी देहात ने बताया कि पुलिस ने सुरेंद्र की निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त तमंचा, कारतूस भी बरामद किए। पुलिस ने उसे कोर्ट में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया।
विज्ञापन

-
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें