मुजफ्फरनगर। नगरीय विकास राज्यमंत्री चितरंजन स्वरूप को हजारों लोगों ने
बृहस्पतिवार को अश्रुपूरित विदाई दी। काली नदी स्थित श्मशान घाट पर राजकीय
सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार किया गया। उनके बड़े बेटे गौरव स्वरूप ने
मुखाग्नि दी। इससे पहले उनके अंतिम दर्शन के लिए सुबह से ही लोगों की भीड़
जमा हो गई।
पुलिस को व्यवस्था संभालने के लिए उनके आवास के सामने का मार्ग
बंद करना पड़ा। उधर, मुख्यमंत्री अखिलेश यादव, कैबिनेट मंत्री शिवपाल
यादव, आजम खां और राजेंद्र चौधरी ने दोपहर बाद उनके आवास पर पहुंचकर
परिजनों को सांत्वना दी। सीएम ने कहा कि दुख की इस घड़ी में सरकार उनके साथ
है।
राज्यमंत्री चितरंजन स्वरूप के अंतिम दर्शन केे लिए बृहस्पतिवार
सुबह से ही उनके सिविल लाइंस स्थित आवास पर लोगों का जमावड़ा लग गया। भीड़
इतनी ज्यादा थी कि अंतिम दर्शन के लिए लोगों को लंबी लाइन में लगना पड़ा।
कैबिनेट मंत्री आजम खां ने उनके आवास पर पहुंचकर शव पर पुष्प चक्र चढ़ाया।
केंद्रीय कृषि राज्यमंत्री डॉ. संजीव बालियान ने भी परिवार को सांत्वना दी।
इसके बाद सवा दस बजे अंतिम यात्रा शुरू हुई। सपा के झंडे से लिपटे पार्थिव
शरीर को खुले वाहन में जब रखा गया तो समर्थकों ने नारे लगाने शुरू कर दिए।
जब तक सूरज चांद, चचा तेरा नाम रहेगा।
शवयात्रा में उमड़ा जन सैलाब
उनकी लोकप्रियता को साफ दर्शा रहा था। शव यात्रा शिवचौक से होते हुए नदी
घाट स्थित श्मशान पर पहुंची। रास्ते में उनके वाहन पर कई स्थानों पर पुष्प
वर्षा हुई। उनकी अंतिम यात्रा में जहां हजारों लोग पैदल चल रहे थे, वहीं
दुपहिया वाहनों और कारों से भी बड़ी संख्या में लोग अंतिम यात्रा में शामिल
हुए। श्मशान घाट पर उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया।
राजकीय सम्मान के साथ
उनका अंतिम संस्कार हुआ। बड़े बेटे गौरव स्वरूप ने उन्हें मुखाग्नि दी।
दोपहर डेढ़ बजे मुख्यमंत्री अखिलेश यादव, कैबिनेट मंत्री शिवपाल यादव और
राजेंद्र चौधरी के साथ उनके आवास पर पहुंचे। स्वरूप की पत्नी वीना और बेटे
गौरव को सांत्वना दी।
विश्वास दिलाया कि दुख की इस घड़ी में प्रदेश
सरकार उनके साथ है। पुलिस लाइन में पत्रकारों से अनौपचारिक बातचीत में सीएम
ने कहा कि चितरंजन स्वरूप ताउम्र विकास कार्यों के लिए काम करते रहे। उनके
अधूरे सपनों को पूरा किया जाएगा।
इससे पूर्व मंत्री को भाजपा सांसद हुकुम
सिंह, चिकित्सा राज्यमंत्री नितिन अग्रवाल, विधायक नवाजिश आलम, विधायक
नाहिद हसन, एमएलसी मुश्ताक चौधरी, राज्यमंत्री सरफराज खां, एमएलसी वीरेंद्र
सिंह, पूर्व सांसद सोहनवीर सिंह, एमजलसी सरोजनी अग्रवाल, पूर्व मंत्री
योगराज सिंह, पूर्व मंत्री दीपक कुमार, पूर्व मंत्री सइदुज्जमा, पूर्व
सांसद हरेंद्र मलिक, सपा जिलाध्यक्ष सतेंद्र सैनी,
शामली के सपा जिलाध्यक्ष
किरणपाल कश्यप, सपा नेता प्रमोद त्यागी, राज्यमंत्री मुकेश चौधरी, पूर्व
विधायक शाहनवाज, सोमपाल भाटी, रालोद नेता अशरफ अली खान, चंदन चौहान, पूर्व
मंत्री धर्मवीर बालियान, भाकियू अध्यक्ष नरेश टिकैत, पूर्व विधायक सोमांश
प्रकाश, अब्दुल्ला राना, कांग्रेस जिलाध्यक्ष नानू मियां, रालोद जिलाध्यक्ष
अजीत राठी, राजकुमार जैन, धर्मवीर बालियान, आईजी आलोक शर्मा, कमिश्नर
तनवीर जफर अली, डीआईजी राघव ने श्रद्धांजलि दी।
शवयात्रा के साथ पैदल चले आजम
राज्यमंत्री
चितरंजन स्वरूप की अंतिम यात्रा में नगर विकास मंत्री आजम खां पैदल चले।
लगभग डेढ़ किलोमीटर का सफर उन्होंने पैदल ही तय किया। अंतिम संस्कार की
प्रक्रिया पूरी होने तक वह काली नदी स्थित श्मशान घाट पर ही मौजूद रहे। इस
दौरान उन्होंने मीडिया से भी बात की।