एक पखवाडे़ पूर्व डीएम दफ्तर पर धरना प्रदर्शन के दौरान विद्युत अधिकारी को बंधक बना कर कपडे़ उतारने के मामले में आखिरकार पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर ली है। पीड़ित एक्सइएन स्टोर सोमदत्त की ओर से सिविल लाइन थाने पर भाकियू नेता नीरज पहलवान को नामजद कराते हुए भाकियू नेताओं और कार्यकर्ताओं के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई। रिपोर्ट दर्ज न होने से अधिकारियों और कर्मचारियों में रोष था तथा वे आंदोलन की रणनीति बनाने में जुटे थे।
मंसूरपुर के गांव पुरबालियान के एक किसान के ट्रांसफार्मर के मामले को लेकर भाकियू नेताओं ने पंद्रह दिन पहले डीएम दफ्तर पर कब्जा करके धरना, प्रदर्शन किया था। भाकियू के प्रदर्शन के कारण डीएम को भी अपनी सरकारी गाड़ी छोड़ कर अन्य वाहन से जाना पड़ा था। भाकियू नेताओं ने धरने में पहुंचे विद्युत निगम के एक्सईएन स्टोर सोमदत्त को बंधक बना कर अपने बीच बैठाया था। इतना ही नहीं भाकियू नेताओं ने एक्सईएन के कपड़े भी उतारते हुए उनके साथ अभद्रता की थी। मांग मान लेने पर ही भाकियू नेताओं ने एक्सईएन को छोड़ा था। इस मामले को लेकर ऊर्जा विभाग में आक्रोश था।
महाप्रबंधक ने भी यहां पहुंच कर इस संबंध में जानकारी ली थी तथा पुलिस प्रशासनिक अधिकारियों से मिल कर रिपोर्ट दर्ज कराने की बात कही थी। विभाग के कर्मचारियों ने भी आंदोलन की घोषणा कर दी थी। ऊर्जा निगम के अधिकारियों और कर्मचारियों के आक्रोश को देखते हुए बृहस्पतिवार देर रात को सिविल लाइन पुलिस ने इस संबंध में एक्सईएन की ओर से रिपोर्ट दर्ज कर ली है। भाकियू नेता पुरबालियान निवासी नीरज पहलवान को नामजद कराते हुए अन्य नेताओं और कार्यकर्ताओं के खिलाफ बंधक बनाने, अभद्रता करने, कपड़े उतारने आदि धाराओं में मुकदमा पंजीकृत किया गया है।