अधिवक्ता और पेशकार विवाद
- अधिवक्ताओं ने काली पट्टी बांधकर धरना प्रदर्शन किया
- दस्तावेज लेखकों, टाइपिस्ट व स्टांप विक्रेता भी हड़ताल पर रहे
संवाद न्यूज एजेंसी
जानसठ (मुजफ्फरनगर)। अधिवक्ता और न्यायिक तहसीलदार कोर्ट के पेशकार के बीच हुए विवाद ने तूल पकड़ लिया है। बार संघ अधिवक्ताओं ने शुक्रवार को पेन डाउन-शटर डाउन हड़ताल की। अधिवक्ताओं ने हाथों में काली पट्टी बांधकर धरना प्रदर्शन किया। उधर, दस्तावेज लेखक, टाइपिस्ट और स्टांप विक्रेता भी हड़ताल पर रहे।
शुक्रवार को बार संघ अध्यक्ष प्रद्युम्न भेटवाल के नेतृत्व में सभी बार संघ अधिवक्ताओं ने पेन डाउन-शटर डाउन हड़ताल की और प्रदर्शन किया। शुक्रवार को एक भी अधिवक्ता ने अपना चेंबर नहीं खोला। अधिवक्ताओं का कहना था कि अगर पुलिस प्रशासन ने बार संघ सचिव प्रमोद कुमार शर्मा और अधिवक्ता मित्रसेन की गिरफ्तारी की तो बार संघ के सभी अधिवक्ता सामूहिक रूप से गिरफ्तारी देंगे। बार संघ अध्यक्ष ने कहा कि तहसील प्रशासन ने रंजिश के तहत पेशकार रतनलाल और अधिवक्ता मित्रसेन के बीच हुए विवाद में जानबूझकर फर्जी मुकदमा दर्ज कराया है, जबकि उनके द्वारा दी गई तहरीर पर पुलिस प्रशासन ने कोई मुकदमा दर्ज नहीं किया। इसे लेकर अधिवक्ताओं में भारी रोष है।
धरने प्रदर्शन करने वाले में बार संघ सचिव प्रमोद कुमार शर्मा, पूर्व अध्यक्ष अरुण गर्ग, पूर्व अध्यक्ष जावेद हुमायूं, पूर्व अध्यक्ष प्रदीप गर्ग, पूर्व अध्यक्ष नरेंद्र दीक्षित, पूर्व अध्यक्ष पोदी सिंह कश्यप, पूर्व सचिव ज्ञानचंद सैनी, पूर्व सचिव अजादार हुसैन जैदी, पूर्व सचिव शशि सैनी, पूर्व सचिव योगेश भेटवाल, तेजपाल कश्यप, सोनी गुर्जर, सोनू सैनी, चांदबीर सैनी, प्रदीप वालिया, मोहम्मद अनवर, मोहम्मद असलम, चौधरी विनोद कुमार, दस्तावेज लेखक संघ अध्यक्ष शैलेंद्र गुप्ता, मूलचंद सैनी सुखचंद, प्रमोद कुशाल आदि अधिवक्ता मौजूद रहे।