अमर उजाला ब्यूरो
मुजफ्फरनगर। मंडलायुक्त दीपक अग्रवाल ने कहा कि महिलाओं के सशक्तीकरण और बाल संरक्षण पर सरकार पूरा ध्यान दे रही है। महिलाओं को भी अपने अधिकारों का पूरी तरह लाभ उठाना चाहिए। उन्होंने महिलाओं एवं बच्चों के प्रति होने वाली हिंसा को रोकने पर विशेष बल दिया। उन्होंने कहा कि यह मंच महिलाओं एवं बच्चों के अधिकारों और सुरक्षा के लिए कार्य करेगा, जिससे महिलाओं और बच्चों का सशक्तिकरण एवं संरक्षण हो सकेगा।
महिला एवं बाल अधिकार मंच हक से की क्षेत्रीय परामर्श बैठक का कमिश्नर ने दीप प्रज्वलित कर शुभारंभ किया। उन्होंने कहा कि बेटियों को बेटों के समान ही दर्जा दिया जाए, उनका पालन-पोषण भी पुत्र के समान ही होना चाहिए। बेटी और बेटे में अंतर न करें और उन्हें बेटों की तरह ही शिक्षा दिलाएं। उन्होंने कहा कि महिलाओं एवं बच्चों को सुरक्षित एवं संरक्षित रखने के लिए ग्राम प्रधान एवं समाजसेवी संगठन आगे आए और ग्राम पंचायतों की बैठक में भी ये मुद्दे रखे जाएं। डीएम जीएस प्रियदर्शी ने कहा कि हमें ऐसा अनुकूल एवं सुरक्षित वातावरण का निर्माण करना है, जिससे महिला एवं बच्चों को उनके अधिकार एवं सुविधाएं बिना किसी भेदभाव के उपलब्ध हों। उन्होंने कहा कि महिला समाख्या कार्यक्रम की जमीनी स्तर पर पहुंच और सामाजिक बदलाव के लिए सामुदायिक गतिशीलता की सफल ऋण नीतियों और प्रभाव के कारण इसकी जिम्मेदारी सौंपी गई हैं। डीएम ने कहा कि इसके साथ ही आवश्यकता पड़ने पर 100 डायल की सुविधा उपलब्ध है। इसके अतिरिक्त 1090 पर भी मदद ली जा सकती है।