चरथावल। अंतर राष्ट्रीय महिला दिवस के उपलक्ष्य में पुलिस ने तीन दिवसीय महिला जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया। थाना प्रभारी गिरीश चंद्र शर्मा ने मातहतों को महिलाओं की समस्याओं को गंभीरता से सुनकर तत्परता से निराकरण करने के निर्देश दिए। मंगलवार को थाने में आयोजित पांचों चौकियों के स्टाफ और महिला कांस्टेबल की मीटिंग में एसओ ने कहा कि फरियादी महिलाएं थाने अथवा चौकी में आकर कोई समस्या बताती हैं तो सीआरपीसी में दिए गए प्रावधानों को अमल में लाकर उनकी दिक्कतों को हल करें। समाज में महिलाओं को जागरूक कर सशक्त बनाने के लिए बुधवार को कस्बे के दोनों डिग्री कॉलेजों में जागरूकता गोष्ठी कराई जाएगी। महिलाओं को उनके अधिकारों और सशक्तिकरण के संबंध में विस्तार से अवगत कराया जाएगा। बेहतर कार्य करने वाली महिला कांस्टेबल को सम्मानित किया जाएगा। आला कमान ने 10 बिदुओं पर पत्र भेजकर महिलाओं के संबंध में संवेदनशीलता बरतने का निर्देश देकर पुलिस महकमें की छवि को बेहतर बनाने का प्रयास किया है। थाने में महिलाओं के अधिकार भी बताए गए। कस्बा प्रभारी विनोद तेवतिया, एसएसआई केसी तोमर, दधेडू चौकी प्रभारी मनोज चाहल, कुटेसरा प्रभारी राजकुमार सिंह मौजूद रहे।
घरेलू हिंसा में चुप न रहें महिलाएं
पुरकाजी। सीओ सदर मणिलाल पाटीदार ने मंगलवार को क्षेत्र के ग्राम हरिनगर के कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय में छात्राओं के साथ बैठक कर उन्हें आत्मनिर्भर बनने की अपील की।
सीओ ने छात्राओं से कहा कि अगर उनके साथ कहीं पर कोई छेड़खानी या छींटाकशी की घटना होती है तो उसका डटकर मुकाबला करें और आरोपी को मुंहतोड़ जवाब दें। इसके अलावा घरेलू हिंसा में भी चुप न रहें और पुलिस को इत्तला करें। इसके अलावा उन्होंने थाना प्रांगण में पुलिसकर्मियों की मीटिंग लेकर थाने आने वाली पीड़ित महिलाओं से शिष्ट व्यवहार करने के निर्देश देते हुए कहा कि अगर कोई पीड़ित महिला थाने पर अपनी शिकायत लेकर आती है तो उसके साथ वार्ता करते समय बातचीत करने का ढंग सरल एवं सम्मानजनक होना चाहिए। उन्होंने महिला पुलिसकर्मियों को हिदायत देते हुए कहा कि पीड़ित महिला से वार्ता के दौरान ऐसी कोई टिप्पणी नहीं करनी है जो पीड़िता की गरिमा के विरुद्ध हो और जिससे उसके सम्मान को ठेस पहुंचती हो। इस दौरान कार्यवाहक इंस्पेक्टर होतीलाल राणा, दरोगा ओमकार सिंह, डिग्री प्रसाद, तेजबीर सिंह सहित थाने का समस्त स्टाफ मौजूद रहा।