मोरना। मोरना में बकाया नहीं चुकाने पर सरकारी अस्पताल की बिजली काट दी गई है। बिजली कटने से डिलीवरी कराने आईं महिलाएं गरमी में बिलबिला गईं और कई को चक्कर आ गए। महिलाओं के बेहोश होने से अस्पताल में अफरातफरी का आलम हो गया। तीमारदार हाथ के पंखों से हवा करने में लगे हुए हैं और रोशनी के लिए मोमबत्ती जल रही है। अस्पताल की बदइंतजामी पर तीमारदारों ने हंमागा भी किया। आनन-फानन में रात के समय जनरेटर चलाने के लिए कर्मचारियों ने आपस में चंदा एकत्र किया।
मोरना में शुक्रताल रोड पर सरकारी अस्पताल है, जिसमें मोरना क्षेत्र के करीब 70 गांवों के मरीज अपना इलाज कराने के लिए आते हैं। अस्पताल परिसर में गर्भवती महिलाओं के लिए अलग से वार्ड स्थापित किया गया है। शनिवार दोपहर के बाद गांव जौली से शाहिस्ता पत्नी राशिद, गांव गादला से पिंकी पत्नी सोनू, गांव टन्हेड़ा से सविता पत्नी सचिन, गांव निरगाजनी से संजो पत्नी संदीप, गांव किशनपुर से उस्माना पत्नी फखरुद्दीन और गांव ककरौली की तहजीबा पत्नी नफीसा अपने परिजनों के साथ मोरना के सरकारी अस्पताल में डिलीवरी कराने के लिए भर्ती हुई थीं। दोपहर में अचानक अस्पताल की बिजली काट दी गई, जिसके चलते वार्ड में अंधेरा और गर्मी होने के कारण गर्भवती महिलाओं को चक्कर आने लगे। आनन-फानन में अस्पताल कर्मचारियों ने चंदे के पैसे एकत्र कर जनरेटर के लिए तेल मंगाने की तैयारी में लग गए। महिला डॉक्टर रमन ने बताया कि विद्युत निगम की टीम ने अस्पताल में लगी विद्युत सप्लाई काट दी है, जिससे यह समस्या उत्पन्न हुई है। अस्पताल में मरीजों के लिए 24 घंटे बिजली की व्यवस्था होनी चाहिए। मामले पर अस्पताल के चिकित्सा प्रभारी डॉ संजीव का पक्ष जानना चाहा तो उनका मोबाइल स्विच ऑफ मिला।
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अस्पताल पर छह लाख रुपये बकाया: जेई
भोपा बिजलीघर के जेई अजीत सिंह ने बताया कि मोरना सरकारी अस्पताल को विद्युत निगम ने दो कनेक्शन दिए हुए हैं, जिसमें एक कनेक्शन पर करीब दो लाख रुपये और दूसरे पर करीब चार लाख रुपये का बिल कई वर्षों का बकाया है। कई बार विभाग की ओर से नोटिस दिए गए, लेकिन स्वास्थ्य विभाग की ओर से कोई जवाब नहीं मिला। उच्चाधिकारियों के निर्देश पर विद्युत सप्लाई काटी गई है।
-शाम को सूचना मिली कि मोरना सीएचसी का विद्युत कनेक्शन काट दिया गया है। सीएचसी से बिल की डिटेल मांगी गई है। बिल समय पर क्यों नहीं जमा हुआ, यह भी देखा जा रहा है। साथ ही विद्युत विभाग से इमरजेंसी सेवाओं को सुचारु रखने के लिए बात की जाएगी।
-एके अग्रवाल, कार्यवाहक सीएमओ।