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छवि और अनुष्का के मॉडल को मिला प्रथम स्थान

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छवि और अनुष्का के मॉडल को मिला प्रथम स्थान
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मुजफ्फरनगर। जिला विज्ञान क्लब के तत्वावधान में 46 वीं जिला राज्य बाल विज्ञान प्रदर्शनी में छात्र-छात्राओं ने शानदार मॉडल प्रदर्शित किए। सीनियर वर्ग में बरला इंटर कॉलेज की छवि चौधरी और अनुष्का त्यागी, केके इंटर कालेज बघरा के सागर, सावन और लाला जगदीश प्रसाद सरस्वती विद्या मंदिर के ऋतिक ने क्रियाशील मॉडल में प्रथम स्थान प्राप्त किया।
दीपचंद्र ग्रेन चैंबर इंटर कॉलेज में आयोजित विज्ञान प्रदर्शनी का शुभारंभ डीआईओएस प्रवीण मिश्र ने किया। उन्होंने कहा कि प्रयोगात्मक कार्यों से ही वैज्ञानिक सोच उत्पन्न की जा सकती है। मॉडल प्रदर्शनी का विषय जीवन की चुनौतियों के लिए वैज्ञानिक समाधान रहा। जिला विज्ञान क्लब के समन्वयक डॉ. विकास कुमार ने मॉडल और प्रोजेक्ट के संबंध में विस्तृत जानकारी दी। प्रदर्शनी में 56 स्कूलों के 350 से अधिक छात्र-छात्राओं ने भाग लिया। डायट के छात्र संदीप कुमार, संजय शर्मा के मेट्रो सिटी मॉडल, जूनियर वर्ग में जीएचएस रसूलपुर के क्लीनिंग, बरला इंटर कॉलेज के वायु प्रदूषण नियंत्रक मॉडल की सराहना की गई। जूनियर वर्ग में गौरव चौधरी, तान्या धीमान, हर्षित शर्मा, विनश, आदेश कुमार, अक्षय कुमार ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। आकांक्षा, मोहम्मद अकील, पलक, अनंत शर्मा एवं आदर्श ने द्वितीय तथा निशांत, एकता शर्मा, शैली, तनु चौधरी ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। अध्यक्षता प्रधानाचार्य विजय कुमार शर्मा ने की। इस दौरान अभिषेक गर्ग, सचिन कुमार, आदेश सिंघल, अंजू शर्मा, राजीव राठी, राजकमल वर्मा, राजकुमार जैन, संदीप कौशिक, कपिल देव आदि का सहयोग रहा।
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लकड़ी से बनाया हवाई जहाज
मुजफ्फरगर। बघरा के कल्याणकारी इंटर कॉलेज के 11वीं कक्षा के छात्र सागर और सावन के हवाई जहाज के मॉडल को काफी सराहा गया। दोनों छात्र भाई हैं। पिता राजकुमार मजदूरी करते हैं। उनके बनाए हवाई जहाज के मॉडल को देखकर डीआईओएस ने दोनों को 2100 का पुरस्कार दिया। सागर और सावन ने बताया कि उन्होंने असली हवाई जहाज को कभी नजदीक से नहीं देखा। शुरुआत में उन्होंने थर्माकोल की शीट से हवाई जहाज का मॉडल बनाया था। तब लोग उनका मजाक बना रहे थे। 19वीं बार में वह इसे उड़ाने में कामयाब हो गए। थर्माकोल पर प्रतिबंध लगने के कारण उन्होंने लकड़ी का प्रयोग किया। मॉडल को इंडियन लाइट वेट प्लेन नाम दिया गया है। बताया कि उनका मॉडल 20 मिनट उड़ सकता है। यह एक किलोमीटर दूरी तक जा सकता है। इसमें एक मीटर की पंखुड़ी लगी हैं। शुरुआत में उसकी लेडिंग में परेशानी आई। बाद में उन्होंने शिक्षक अनीस अहमद और राजीव राठी के सहयोग से इसे दूर किया।
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