संवाद न्यूज एजेंसी
मुजफ्फरनगर। जिला प्रोबेशन विभाग की ओर से बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ योजना के तहत बोर्ड परीक्षा की 21 मेधावी छात्राओं को सम्मानित किया गया। इसके अलावा मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना के तहत 29 छात्र-छात्राओं को लैपटॉप और बैग भी वितरित किए गए। इंटरमीडिएट की टॉपर छात्रा को बीस हजार की धनराशि का चेक और प्रमाणपत्र देकर सम्मानित किया गया।
कलक्ट्रेट स्थित जिला पंचायत सभागार में मंगलवार को 21 मेधावी छात्राओं का सम्मान समारोह किया गया। कक्षा 10वीं और 12वीं की 20 टॉपर बालिकाओं को पांच हजार रुपये प्रति बालिका को धनराशि और उपहार स्वरूप प्रमाण पत्र दिए गए। 12वीं की टॉपर बालिका को बीस हजार रुपये का चेक और प्रमाण पत्र दिया गया। मुख्य अतिथि जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. वीरपाल निर्वाल ने छात्राओं की पढ़ाई सहित सरकार की अन्य योजनाओं के बारे में जानकारी दी। समाजसेवी डॉ. सुनीता बालियान ने महिला शक्ति को उजागर करते हुए बालिकाओं और महिलाओं को सशक्त कराने की मुहिम पर जोर दिया। इस मौके पर जिला प्रोबेशन अधिकारी संजय कुमार यादव, जिला विद्यालय निरीक्षक डॉ. धर्मेंद्र शर्मा, जिला क्रीड़ा अधिकारी लक्ष्यराज त्यागी, जिला महिला कल्याण अधिकारी शिवांगी बालियान, बाल संरक्षण अधिकारी नीना त्यागी, बाल कल्याण समिति के चेयरमैन डॉ. राजीव सिंह, रेणु सिंह मौजूद रहीं।
इन छात्राओं को किया सम्मानित
सम्मान समारोह में इंटरमीडिएट की टॉपर रचना, वर्णिका राज, कामनी चौहान, विथिका गोयल, यशी धीमान, वैष्णवी, आशी शर्मा, आंचल पाल, आशी शर्मा, खुशबू, और आयुषी शीर्षवाल को सम्मानित किया गया। हाईस्कूल की छात्रा अविका कौशिक, आयुषी सिंह, ईशा, अवनी सिंह पाल, वरुणा, शाफिया हुसैन, अवनी सैन, अग्रिमा गुप्ता, धार्मी वर्मा और हिमांशी मलिक को धनराशि चेक और प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया गया।
टॉपर पर खड़े किए गए सवाल
सम्मान समारोह में इंटरमीडिएट की छात्रा कामिनी चौहान के परिजनों ने आरोप लगाया कि जिस छात्रा को टॉपर का सम्मान मिला है, उसके नंबर कामिनी से भी कम है। छात्रा के पिता रामस्नेही डीआईओएस कार्यालय भी पहुंचे। डीआईओएस डॉ.धर्मेंद्र शर्मा ने कहा कि यह सूची बोर्ड से ही आती है। मामले की जांच कराई जा रही है। अगर कोई गलती हुई है, तो उसे सुधारा जाएगा। उन्होंने कहा कि अगर जानबूझकर कुछ ऐसा हुआ है तो आरोपी के खिलाफ कार्रवाई भी की जाएगी।