करीब तीन घंटे थमा रहा ट्रेनों का संचालन
मुजफ्फरनगर। दिल्ली से जालंधर जा रही ट्रेन सुपर के ऊपर ओएचई वायर के अचानक टूट कर गिरने से रात में साढ़े तीन घंटे से अधिक समय तक रेल संचालन ठप रहा। मेरठ से लेकर टपरी के बीच रात पौने दस बजे से लेकर डेढ़ बजे ट्रेनों के पहिये थमे रहे। ट्रेनों को विभिन्न स्टेशनों पर खड़ा किया गया। आधा दर्जन से अधिक ट्रेन घंटों प्रभावित रहने से यात्रियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा।
रेलवे प्रशासन ने साढ़े छह माह बाद जालंधर इंटरसिटी का संचालन सोमवार को किया था। दिल्ली से चलकर जालंधर जाने वाली जालंधर इंटरसिटी (सुपर) ट्रेन पहले ही दिन करीब पांच घंटे देरी से यहां पहुंची। मुजफ्फरनगर से चल कर यह ट्रेन रात्रि करीब 9.50 बजे जब देवबंद स्टेशन पर पहुंची, तो तभी वहां देवबंद शुगर मिल के सामने गेट नंबर-68 के पास खड़े इलेक्ट्रिक लाइन के खंभे से ओएचई का स्पोर्ट वायर अचानक टूट कर सुपर के ऊपर गिर गया, जिससे ओएचई लाइन क्षतिग्रस्त हो गई। ऐसा होने से इलेक्ट्रिक ट्रिप होने रेलों का संचालन ठप हो गया। सूचना मिलने पर सहारनपुर और मुजफ्फरनगर के स्टाप ने देवबंद पहुंच कर ओएचई वायर को ठीक किया। इस कार्य को करने में साढ़े तीन घंटे से अधिक का समय लग गया। रात्रि करीब डेढ़ बजे जाकर रेल संचालन प्रारंभ हुआ। इस अवधि में ट्रेनों को विभिन्न स्टेशनों पर रोका गया। आधा दर्जन से अधिक ट्रेन तीन से चार घंटे तक प्रभावित होने से रात में समय यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
इन स्टेशनों पर रोकी गई ट्रेन
मुजफ्फरनगर। दिल्ली से ऋषिकेश जाने वाली पैसेंजर को मुजफ्फरनगर, गोल्डन टेंपल को नरा जड़ौदा, डीएम पैसेंजर को रोहाना, अप छत्तीसगढ़ को मेरठ सिटी, आनंद विहार-कटरा एक्सप्रेस को मुरादनगर, दिल्ली-सहारनपुर पैसेंजर को बामनहेड़ी, डाउन छत्तीसगढ़ को सहारनपुर में रोका गया। रात डेढ़ बजे रेल संचालन सुचारु होने पर ट्रेनों को बारी-बारी से निकाला गया, जिससे ट्रेन काफी समय तक और प्रभावित हुई। ऐसे यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा। स्टेशन अधीक्षक विपिन कुमार त्यागी ने बताया कि देवबंद में सुपर के ऊपर ओएचई वायर टूट कर गिरने के कारण रात दस बजे से डेढ़ बजे तक रेल संचालन प्रभावित रहा।