खतौली क्षेत्र में नए थाना बनाने की योजना परवान नहीं चढ़ सकी
खतौली। खतौली क्षेत्र में नए थाना बनाने की सरकार की योजना परवान नहीं चढ़ सकी है। एक वर्ष पूर्व नए थाना बनाने की कवायद प्रारंभ की गई थी। इस नए थाना के बनने पर उससे जानसठ कोतवाली में लगे आसपास के 12 गांवों को जोड़े जाने का खाका भी तैयार किया गया था।
पुलिस अधिकारियों का मानना था कि नए थाना बनने से जानसठ व खतौली कोतवाली पुलिस का कार्यभार कम हो जाएगा। अपराधों पर अंकुश और आम जनता को न्याय मिलने में भी आसानी हो जाएगी। नए थाना निर्माण की कार्रवाई प्रारंभ कराने के लिए भूमि चिह्नित कर इसकी रिपोर्ट डीएम व एसएसपी के माध्यम से शासन को भेजी भी जा चुकी थी। एक वर्ष से अधिक का समय बीत जाने के बावजूद भी जनपद में नए थानों का निर्माण कराने की योजना ठंडे बस्ते में पड़ी है। जिला मुजफ्फरनगर में पांच कोतवाली समेत 21 थाने हैं, जिनमें एक महिला थाना भी शामिल हैं। बता दें कि वर्ष 2017 में जनपद में तीन नए थाने बनाने की कवायद प्रारंभ की गई थी, जिनमें से एक थाना पमनावली क्षेत्र में बनना प्रस्तावित हुआ था। इसके लिए गांव गालिबपुर में जमीन भी चिह्नित कर पुलिस ने रिपोर्ट तत्कालीन एसएसपी बबलू कुमार को भेजी थी। तत्कालीन डीएम दिनेश कुमार सिंह के माध्यम से नए थाना बनाने की रिपोर्ट शासन को भी भेजी गई थी। खतौली कोतवाली से 62 गांव जुड़े हुए हैं। नए थाना बनने पर इसमें जानसठ कोतवाली क्षेत्र के गांव तिसंग, उत्तरी घटायन, दक्षिणी घटायन, नयागांव फैजाबाद, मुस्तफाबाद, मीरपुर दलपत, चिंदौड़ा, सैदीपुर राजू गांवों को जोड़ने का खाका तक तैयार किया जा चुका था। एक वर्ष बीत जाने के बाद भी यह योजना परवान नहीं चढ़ सकी है। शासन स्तर से भी नए थाने बनाने को हरी झंडी नहीं मिल सकी है।