संतों ने हमेशा देश के उत्थान के लिए कार्य किया
मोरना। बाबा खिचड़ी वाले उदासीन आश्रम शुकतीर्थ स्थित में ब्रह्मलीन स्वामी श्यामदास महाराज की प्रतिमा के अनावरण समारोह में स्वामी कृपालदास महाराज ने कहा कि संत निष्काम भाव से गरीब असहाय और समाज की सेवा करें, वही संत कहलाने योग्य है। संतों ने हमेशा भारतीय संस्कृति और देश उत्थान के लिए कार्य किया।
शुकतीर्थ के उदासीन आश्रम में आयोजित प्रतिमा अनावरण का कार्यक्रम महामण्डलेश्वर शमी पीठाधीश्वर महेंद्रदास महाराज मेरठ, महामंडलेश्वर गोपालाचार्य महाराज के संयुक्त रूप से सानिध्य में आयोजन किया गया, जिसका शुभारंभ वेद कुंडी में वैदिक मंत्रोच्चारण के बीच आहुति देकर हुआ। इसके बाद रामायण अखंड पाठ कर, अरदास गाकर पूजा अर्चना कर, बाबा बुद्धदास महाराज खिचड़ी वाले लालपुर गद्दी के उत्तराधिकारी ब्रह्मलीन स्वामी महंत श्यामदास महाराज की प्रतिमा का अनावरण किया गया। इस मौके पर स्वामी मोहनदास महाराज, तरुणदास महाराज परीक्षतगढ़, समरेशदास महाराज, रामगिरि महाराज, धर्मदास महाराज, मंशादास महाराज आदि संतों ने अपनी प्राचीन संस्कृति को संजोकर रखने का आह्वान किया। इस मौके पर बिजेंद्र आर्य, डा. बीपी सिंह, काकन सिंह, बबलू सिंह आदि श्रद्धालुओं ने प्रतिमा पर पुष्पाजंलि अर्पित कर उनको नमन किया। वहीं, आश्रम परिसर में आयोजित भंडारे के प्रसाद का साधु संतों के बीच वितरित कर नकद दान दक्षिणा दी गई।