बंद का असर नहीं आया नजर
देवबंद (सहारनपुर)। आरक्षण बचाओ संघर्ष के आह्वान पर विभिन्न मुद्दों को लेकर मंगलवार को भारत बंद बेअसर रहा। बाजार रोजमर्रा की तरह खुले रहे। समिति ने एसडीएम की मार्फत नौ सूत्रीय ज्ञापन राष्ट्रपति को भेजकर कार्रवाई की मांग की है।
आरक्षण बचाओ संघर्ष समिति ने ज्ञापन में पेपर ट्रेल के रिकाउंटिंग से संबंधित सुप्रीम कोर्ट फैसले को चुनाव आयोग द्वारा लागू कराने से इंकार करना कोर्ट के आदेश की अवमानना बताया है। संविधान विरोधी 10 प्रतिशत आर्थिक आधार पर दिए गए आरक्षण का विरोध किया गया। 200 प्वाइंट रोस्टर प्रणाली को खत्म करके 13 प्वाइंट रोस्टर प्रणाली को लागू करना आरक्षण का समाप्त करने का साजिश है। एमबीएसी और घुमंतू जनजातियों का केंद्रीय स्तर पर स्वतंत्र वर्गीकरण न बनाकर उन्हें शासन प्रशासन से प्रतिनिधित्व विहीन करने का विरोध किया गया। आदिवासियों को जल, जंगल और और जमीन से बेदखल करने तथा संविधान की 5/6वीं अनुसूची लागू न करने का विरोध किया गया। साथ ही एससी, एसटी, ओबीसी एवं धार्मिक अल्पसंख्यकों को निजीकरण में आरक्षण लागू न करने का भी विरोध किया है। ज्ञापन देने वालों में दलित शोषण मुक्ति मंच के अजय कुमार, बहुजन मुक्ति पार्टी के कुलदीप लहरी, युवा भीम आर्मी के शिवकुमार गौतम, अजय बौद्ध, दलमीर सिंह, राजबीर, प्रवीन सिंह, दुर्गेश सिंह, डा. अनुज कुमार, अनिल कुमार, हिमांशु कुमार आदि मौजूद रहे।