देवबंद (सहारनपुर)। भाजपा के नगर अध्यक्ष गजराज राणा ने तीन तलाक बिल का विरोध कर रहे उलमा पर पलटवार करते हुए कहा कि देवबंदी उलमा केवल मुसलमानों का बेवकूफ बनाना चाहते हैं और उन्हें धर्म और जाति में फंसाना चाहते हैं। तीन तलाक को जिन बहनों ने भुगता है वो ही इसका दर्द महसूस कर सकती हैं।
मंगलवार को दिए बयान में गजराज राणा ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी का गरीब सवर्णों को 10 प्रतिशत आरक्षण देना कुछ लोगों को हजम नहीं हो रहा है। क्योंकि इन लोगों का आज तक हर पार्टी ने केवल वोटर समझा है और कोई लाभ देने का प्रयास नहीं किया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी गरीब सवर्णों को लाभ देकर इन्हें मुख्यधारा में लाने का प्रयास किया है, क्योंकि गरीब सवर्णों के अंदर भी गरीब लोग हैं सवर्णों में बहुत सारे ऐसे लोग हैं जो रोजी-रोटी से त्रस्त हैं उन्हें आरक्षण का लाभ मिलेगा तो वो आगे बढ़ेंगे उनकी भी तरक्की होगी। गजराज राणा ने उलमा पर पलटवार करते हुए कहा कि यह तो केवल मुसलमानों का बेवकूफ बनाना चाहते हैं मुसलमानों को धर्म और जाति में फंसाना चाहते हैं और झगड़ा फैलाकर अपना उल्लू सीधा करना चाहते हैं। उन्होंने कहा कि उनके बच्चे सरकारी स्कूलों में पढ़ते हैं और यह बच्चों को मदरसे में पढ़ाते हैं। सब जानते हैं कौन सी शिक्षा मिल रही है। आरोप लगाया कि मदरसों में आतंकवादी पैदा हो रहे हैं आज तक कोई इंजीनियर नहीं निकला। उन्होंने कहा कि मुस्लिम बहनों को पीएम मोदी तीन तलाक के दुख से दूर करना चाहते हैं, जिन बहनों पर यह गुजरा है उन बहनों को पता है तीन तलाक के अंदर कितना दर्द है इनको तो केवल बेवकूफ बनाना है।