जापानी कंपनी अभिनव संस्था के साथ मिलकर शुक्रताल में वेस्ट पानी की रिसाइक्लिंग का कार्य करेगी। जापानी कंपनी भारत के उत्तर प्रदेश में बनारस और मुजफ्फरनगर में शौचालय के पानी का प्यूरिफिकेशन कर उसके रीयूज के पायलट प्रोजेक्ट पर काम करने का मन बना चुकी है।
शौचालयों और सीवर के पानी के वेस्ट वाटर मैनेजमेंट पर विभिन्न देशों में आर्थिक मदद करने के साथ वेस्ट वाटर के पुन: इस्तेमाल परियोजना पर जापान सरकार दुनिया भर में कार्य कर रही है। रविवार को जापान के केनेसी तमूरा के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने एमडीए वीसी वीके सिंह के साथ वेस्ट वाटर मैनेजमेंट को लेकर बैठक की। जापानी कंपनी के भारतीय पार्टनर ताराहट कंपनी के डायरेक्टर समर्थ गुप्ता भी मौजूद रहे। अभिनव संस्था के डायरेक्टर हरेंद्र सिंह भी बैठक में शामिल रहे। बैठक में तय हुआ कि शुक्रताल में बनाए जा रहे शौचालय के सेप्टिक टैंक के पानी का रिसाइकिल कर उससे प्लांटेशन इत्यादि में इस्तेमाल करने पर जापानी टीम कार्य करेगी। ऐसा ही एक प्रोजेक्ट बनारस में भी शुरू किया जा रहा है। 15 जनवरी से शुक्रताल में जापानी कंपनी कार्य शुरू कर देगी जिसमें वेस्ट पानी की रिसाइक्लिंग कर उससे पेड़-पौधों आदि को पानी देने का कार्य किया जाएगा।