मुरादाबाद। तेजी से कोरोना संक्रमण बढ़ रहा है। हर रोज अस्पतालों में अव्यवस्थाओं की खबर और संक्रमित मरीजों की संख्या बढ़ने से महिलाएं सतर्क हो गईं हैं। महिलाओं ने अपनी और परिवार की सुरक्षा पर विशेष ध्यान देना शुरू कर दिया है। बच्चों के बेवजह बाहर घूमने पर पाबंदी लगा दी है। घर के गेट पर ही सैनिटाइजेशन की व्यवस्था है। सब्जी आदि आने पर पहले उसे गर्म पानी में धोया जा रहा है। अमर उजाला ने शहर की कुछ गृहणियों से बात की तो यह बात सामने आई है।
कोरोना संक्रमण की दूसरी लहर के बाद से ही महिलाओं ने घरों में आवाजाही पर कोविड प्रोटोकॉल का पालन शुरू कर दिया था। अब जैसे जैसे संक्रमण बढ़ने की खबरें आने लगीं तो उन्होंने खुद भी बाजार जाना छोड़ दिया, वहीं बच्चों के भी घर से बाहर निकलने पर पाबंदी लगा दी है। रिश्तेदारों को भी अपने अपने घरों में ही रहने की सलाह दे रही हैं। इसके अलावा बच्चों की सुरक्षा का विशेष तौर पर ध्यान रखा जा रहा है। संक्रमण से बचाव के लिए उन्हें घर पर ही इनडोर खेल खेलने की छूट दी गई है। बाहर से आने वाले परिवार के अन्य सदस्यों को भी सुरक्षित रखने के लिए घर के गेट पर ही सैनिटाइजर की व्यवस्था की है। परिवार को सुबह शाम काढ़ा बनाकर दिया जा रहा है, जिससे लोगों में प्रतिरोधक क्षमता बढ़ने के साथ ही खांसी, जुकाम से बचाया जा सके। किसी के भी बाहर से आने पर बिना सैनिटाइजेशन के घर में आने की अनुमति नहीं है।
संक्रमण तेजी से बढ़ रहा है, इसलिए बच्चों पर विशेष ध्यान देना पड़ रहा है। बाहर से आने पर हर किसी के हाथ सैनिटाइज करवाती हूं। इससे संक्रमण से बचाव हो रहा है।
स्वाती गुप्ता, गृहिणी- साकेत कॉलोनी
कोरोना की दूसरी लहर काफी भयावह है। बच्चे बाहर खेलने जाएंगे तो संक्रमण हो सकता है, इसलिए इनडोर गेम की व्यवस्था की है। इसके अलावा मैंने खुद पड़ोस के घरों से दूरी बना ली है। कोरोना के खत्म होने तक घर में ही सुरक्षित हूं।
डॉ. निधि अग्रवाल, गृहिणी
सब्जियों आदि को घर के अंदर लाने से पहले गर्म पानी से धुल रही हूं। उसके बाद ही अंदर रखती हूं। परिवार के सभी सदस्यों के खानपान पर भी विशेष ध्यान दे रही हूं। संक्रमण से ऐसे ही निपटा जा सकता है।
तनु प्रिया, मानसरोवर कॉलोनी
परिवार के सभी सदस्यों का विशेष ध्यान दे रही हूं। सुबह शाम काढ़ा के साथ ही खाने में हरी सब्जियों को उपयोग करती हूं। शरीर की इम्यूनिटी बढ़ाने वाले तत्वों के सेवन के साथ ही बच्चों को लापरवाही बरतने पर रोकती हूं।
अंसुल, रेलवे कॉलोनी