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Moradabad News: लाइब्रेरी में टपक रहा पानी, छतों से गिर रहा प्लास्टर, बैठने के लिए कुर्सियां नहीं

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मुरादाबाद। केजीके कॉलेज की 60 साल पुरानी लाइब्रेरी जर्जर हो चुकी है। छतों से पानी टपक रहा है। प्लास्टर गिर रहा है। कुर्सियां टूट चुकी है। लाइब्रेरी की 27 साल से मरम्मत तक नहीं हुई है। इस कारण छात्र-छात्राओं को लाइब्रेरी में पढ़ने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
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गुरु जंभेश्वर विवि में स्नातक सत्र की पढ़ाई शुरू हो गई है। केजीके कॉलेज में बीए, बीएससी, एलएलबी के पांच हजार से अधिक छात्र-छात्राएं पढ़ते हैं। कॉलेज में 60 साल पुरानी लाइब्रेरी है। लाइब्रेरी में कुर्सियां टूट चुकी हैं। किताबों में धूल की परत चढ़ी हुई है। लाइब्रेरी की छत से प्लास्टर गिर रहा है। इसके साथ ही छत से कई जगह पानी भी टपक रहा है।
छात्र-छात्राएं इस कारण लाइब्रेरी में बैठकर नहीं पढ़ते हैं। लाइब्रेरी के कर्मचारियों ने बताया कि 27 साल से लाइब्रेरी की मरम्मत नहीं हुई है। लाइब्रेरी में कभी भी कोई दुर्घटना हो सकती है। बुधवार को भी लाइब्रेरी में कई जगह छत से प्लास्टर टूटकर गिरा है। जबकि लाइब्रेरी की मरम्मत के लिए कई बार संबंधित विभाग को पत्र भेजा गया है इसके बाद भी लाइब्रेरी की मरम्मत नहीं कराई गई।
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लाइब्रेरी में हैं 80 हजार किताबें
लाइब्रेरी अध्यक्ष विनोद कुमार ने बताया कि लाइब्रेरी में करीब 80 हजार किताबें हैं। यहां पर 150 से अधिक छात्र बैठकर पढ़ाई कर सकते हैं। केजीके कॉलेज की बिल्डिंग पर बड़े-बड़े पेड़ उग आए हैं। साफ-सफाई भी नहीं होती है।
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प्रत्येक विद्यार्थी से लाइब्रेरी का लिया जाता है 27 रुपया
-लाइब्रेरी अध्यक्ष विनोद कुमार ने बताया कि लाइब्रेरी में पढ़ने के लिए हर एक विद्यार्थी से 27 रुपये शुल्क लिया जाता है। इसमें 13 रुपये अखबार पढ़ने और 14 रुपये किताबें पढ़ने के लिए दिए जाने के लिए लिया जाता है।
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- लाइब्रेरी की मरम्मत कराने के लिए प्राचार्य को कई बार पत्र लिखा जा चुका है लेकिन इस पर अभी तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है।
- कुशल शर्मा, पूर्व छात्र नेता एवं कॉलेज छात्र
- 27 साल से लाइब्रेरी की मरम्मत नहीं कराई गई। इसके कारण लाइब्रेरी का हालत खराब है। लाइब्रेरी की छत से आए दिन प्लास्टर गिरता है। इससे यहां पर विद्यार्थी नहीं बैठते हैं।
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- विनोद कुमार, अध्यक्ष लाइब्रेरी
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