मुरादाबाद। कोरोना की दहशत लगातार बढ़ रही है। संक्रमण फैलने के साथ संक्रमित और आशंकित लोगों की मौत से स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मचा है। गुरुवार को मुरादाबाद के शीर्ष मजदूर नेता समेत तीन लोगों की मौत हो गई। तीनों कोरोना आशंकित हैं और सैंपल केजीएमयू भेजे गए हैं।
लोकतंत्र बचाओ मुक्ति मोर्चा के संयोजक की गुरुवार सुबह टीएमयू में मौत हो गई। 64 वर्षीय मजदूर नेता को बुखार और सांस लेने में परेशानी के बाद परिवारजनों ने बुधवार रात अस्पताल में भर्ती कराया। कुछ घंटों बाद ही उन्होंने दम तोड़ दिया। लालबाग निवासी मजदूर नेता को पांच दिन पहले बुखार की शिकायत हुई। एक निजी अस्पताल में दिखाने के बाद खून की जांच कराई। इंफेक्शन की शिकायत पर उनको टीएमयू में भर्ती कराया गया।
मोर्चा के संयोजक मुरादाबाद के चर्चित मजदूर नेता थे। गरीबों, फड़ एवं ठेली वालों की आवाज बनकर हमेशा उनके अधिकारों के लिए लड़ते रहे। उनका पीतल का काम भी था। परिवार में एक बेटा और एक बेटी हैं। मजदूर नेता 90 के दशक में सीपीआई के सक्रिय नेता रहे। सीपीआई से अलग होने के बाद करीब आठ साल पहले उन्होंने लोकतंत्र बचाओ मोर्चा का गठन किया।
शाहबाद रामपुर निवासी वर्षीय पूर्व प्रधान को बुखार और सांस फूलने की शिकायत पर 30 जून को टीएमयू में भर्ती कराया गया था। पूर्व प्रधान अस्थमा की मरीज थी। 29 जून को पूर्व प्रधान स्वस्थ थी और गांव में एक बरात में दावत में भी शामिल हुई। दावत से लौटने के बाद बुखार से पस्त पड़ गई। शाहबाद में एक चिकित्सक को दिखाने के बाद मुरादाबाद में निजी अस्पताल में दिखाया। मुरादाबाद के निजी अस्पताल के डाक्टर ने कोरोना आशंकित बताते हुए टीएमयू रेफर कर दिया। टीएमयू में पूर्व प्रधान का एक जुलाई को सैंपल लिया गया और रात उसकी मौत हो गई।
रफतपुरा मुगलपुरा निवासी आईटीसी कंपनी के 45 वर्षीय सेल्समैन की भी बुधवार रात करीब डेढ़ बजे मौत हो गई। सेल्समैन फेफड़ों की बीमारी से पीड़ित थे। सेल्समैन को 10 दिन पहले बुखार की शिकायत हुई। निजी अस्पताल के डाक्टर से इलाज कराने पर बुखार ठीक हो गया। शुगर लेबल चार सौ पहुंच गया। मंगलवार रात पौने एक बजे तबीयत बिगड़ने पर उनको टीएमयू में भर्ती कराया गया। बुधवार रात साढ़े बारह बजे उनकी मौत हो गई। कोरोना आशंकित मानते हुए सैंपल जांच के लिए भेजा गया है। सीएमओ डा. एमसी गर्ग ने बताया कि तीनों मृतक कोरोना आशंकित हैं। शुक्रवार तक उनकी सैंपल रिपोर्ट आ जाएगी।