मुरादाबाद। थैलेसीमिया पीड़ित खिलाड़ी कुणाल अरोड़ा ने थाईलैंड में आयोजित पैरा टेबल टेनिस ओपन नॉन्गनूच पटाया में सिल्वर मेडल जीता है। यह प्रतियोगिता 18 से 21 जुलाई तक हुई। मुरादाबाद निवासी जिंदादिल कुणाल ने टूर्नामेंट के मिक्स डबल्स में अपनी पार्टनर वारबे पूर्ति जय देव के साथ मुखर्जी जगन्नाथ और पूनम को 11-06, 11-1 और 11-6 से हराकर 3-0 से मुकाबला जीता।
अगले राउंड में कजाकिस्तान के औरज बैक अजामत और उनकी पार्टनर बदु ओवा एलदाना को कड़े मुकाबले में 3-2 से हराकर फाइनल में प्रवेश किया। फाइनल में कड़े मुकाबले में पहला सेट 15- 13 दूसरा सेट 11-01 तीसरे सेट में 11-8 से हार मिली और भारत के लिए सिल्वर पदक हासिल किया। इसी टूर्नामेंट में कुणाल अरोड़ा ने सिंगल्स में अपने शानदार खेल का प्रदर्शन करते हुए जापान के खिलाड़ी को 3-1 से मात दी।
सिंगल्स सेमीफाइनल में कुवैत के खिलाड़ी से 0-3 से उन्हें हार मिली। पुरुष डबल्स में भी अपने पार्टनर के साथ पहला राउंड हांगकांग की टीम से जीता और दूसरे राउंड में कड़े मुकाबले के पश्चात इजरायल की टीम से हार का सामना करना पड़ा। कुणाल अरोड़ा ने प्रतियोगिता में शानदार प्रदर्शन कर एक बार फिर शहर और देश का नाम रोशन किया है। कुणाल अरोड़ा ने अपनी जीत का श्रेय अपने पिता यशपाल अरोड़ा और माता सोनिया अरोड़ा को दिया। इससे पहले वह चार बार नेशनल चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक हासिल कर चुके हैं। थैलेसीमिया से पीड़ित होने के कारण उन्हें टूर्नामेंट में खेलने से पहले दो यूनिट रक्त चढ़ाना पड़ता है।