मुरादाबाद। मझोला थाना क्षेत्र में बरेली से जांच करने आए सीआईडी इंस्पेक्टर नीरज धामा के साथ एक महिला और उसके साथी ने अभद्रता की। इसके बाद मैसेज भेजकर तरह तरह के आरोप लगाकर झूठा केस दर्ज कराने की धमकी दी। पुलिस ने इंस्पेक्टर की तहरीर पर महिला समेत दो के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली है।
सीआईडी के बरेली खंड में तैनात नीरज धामा ने मझोला के सिरकोई भूड़ निवासी जैनब निशा और एक अन्य व्यक्ति के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है। जिसमें इंस्पेक्टर ने बताया कि 2018 में मझोला थाने में खाद्यान्न घोटाले के मामले में रिपोर्ट दर्ज की गई थी। जिसकी जांच बरेली सीआईडी में चल रही है। इंस्पेक्टर नीरज धामा इस मामले में विवेचक हैं। इस मामले में जैनब निशा और उसके पति खलील अहमद आरोपी हैं। इंस्पेक्टर ने बताया कि वह पांच मार्च 2026 को इस मामले में जांच करने के लिए मुरादाबाद आए थे। उन्होंने खलील अहमद के मोबाइल पर संपर्क कर उसे चौधरी चरण सिंह चौक के पास बुलाया। इस दौरान खलील अहमद की पत्नी जैनब निशा एक व्यक्ति के साथ चौधरी चरण सिंह के पास आ गई। इंस्पेक्टर ने महिला से आधार कार्ड मांगा तो उसने आधार कार्ड देने से इन्कार कर दिया। आरोप है कि महिला और उसके साथ आए व्यक्ति ने अभद्रता की और धमकाने लगे कि अगर आधार कार्ड मांगा को झूठे केस में फंसाकर जेल भिजवा देंगे। इसके बाद इंस्पेक्टर वहां से चले गए। उनका आरोप है कि बाद में व्हाट्सएप मैसेज और कॉल के जरिए भी उन्हें परेशान किया गया और सरकारी कार्य में बाधा डाली गई है। सीओ सिविल लाइंस कुलदीप गुप्ता ने बताया कि तहरीर के आधार पर एक महिला और एक अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ सरकारी कार्य में बाधा डालने और धमकाने में रिपोर्ट दर्ज की गई है।