रामपुर के दो और संभल के एक मेंथा कारोबारी ने बड़ी चालाकी से जीएसटी चोरी की थी लेकिन राज्य कर की विशेष टीमों ने ने तीनों की जीएसटी चोरी को पकड़ ली। तीनों कारोबारियों ने तत्काल एक करोड़ से अधिक रुपये जमा कर दिए हैं।
राज्य कर के अपर आयुक्त आर ए के सेठ ने बताया कि आयुक्त के निर्देश पर मंडल में आईटीसी के मामलों की जांच शुरू हुई। इस मामले में रामपुर और संभल के कारोबारियों की जांच के लिए तीन टीमें गठित की गई। रामपुर जिले के दो मेंथा कारोबारी की फर्में संदिग्ध पाई गई। एक कारोबारी ने दो करोड़ की टैक्स चोरी की थी। उसने 43 लाख रुपये तत्काल जमा किया। दूसरा कारोबारी के ई वे बिल में गड़बड़ी पकड़ी गई। उसने वाहनों का लोकेशन गलत बताया था।
जांच टीम ने टोल प्लॉजा की मदद से बताई गई गाड़ियों का लोकेशन हासिल कर लिया। दूसरे कारोबारी ने तत्काल 45 लाख रुपये जमा किया। इधर संभल के एक मेंथा कारोबारी ने तीसरे चरण में बोगस खरीद की थी लेकिन उसने आईटीसी का दावा कर दिया था। टैक्स चोरी पकड़े जाने पर उसने भी 56 लाख रुपये जमा किया है। अभी तीनों कारोबारियों की जांच जारी है।