कांठ। तहसील क्षेत्र के गांव भरतपुर में तेंदुए की दहशत के बीच वन विभाग को शनिवार तड़के बड़ी सफलता मिली। गांव में पिछले करीब 10 लगे पिंजरे में दूसरा तेंदुआ कैद हो गया।
तेंदुआ पिंजरे में फंसने की जानकारी पर वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और रेस्क्यू कर उसे सुरक्षित अपने साथ मुरादाबाद के डियर पार्क ले गई।
15 सितंबर को गांव भरतपुर की रहने वाली निर्वेश देवी खेत में घास काट रही थी। इसी दौरान गन्ने के खेत में छिपे बैठे तेंदुए ने उस पर हमला कर दिया था। तेंदुए के हमले में वह गंभीर रूप से घायल हो गई थी। वन विभाग से तेंदुए को पकड़ने के लिए वन विभाग की टीम ने गांव भरतपुर में तेंदुए को पकड़ने के लिए दो पिंजरे लगाए थे और टीम ने तीन दिन यहां कैंप किया था। 17 सितंबर को पिंजरे में पहला मादा तेंदुआ तेंदुआ कैद हो गया था। उसे वन विभाग की टीम अपने साथ ले गई थी। इसी के साथ यहां और भी तेंदुआ होने की आशंका पर दूसरा पिंजरा 17 सितंबर से लगा हुआ था, शनिवार तड़के पिंजरे में तेंदुआ कैद हो गया।