वंछित ने पैर पकड़कर मांगी माफी
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बाबू जी मुझे गोली मत मारना, गिरफ्तार कर लो, घर में मेरे छोटे-छोटे बच्चे हैं-यह बोलते हुए एक उम्रदराज शख्स रविवार को नखासा थाने पहुंचा तो पुलिस कर्मी सकते में आ गए। उसके गले में खुद को पुलिस को सौंपने (आत्मसमर्पण) का संदेश लिखी एक तख्ती भी पड़ी थी। पुलिस ने गिरफ्तार करते हुए बताया कि वह गोकशी के केस और गैंगेस्टर में वांछित है। उस पर 15 हजार रुपये का इनाम घोषित है।
नाखासा थाना प्रभारी निरीक्षक धर्मपाल सिंह ने बताया कि इस तरह थाने पहुंचने वाला असमोली थाना क्षेत्र के गांव मंसूरपुर माफी का रहने वाला नईम है। गैंगेस्टर एक्ट के तहत दर्ज मामले और गोकशी के केस में वांछित होते हुए भी हाथ नहीं आया तो उस पर 15 हजार रुपये का इनामी घोषित किया गया था।
उधर थाने पहुंचकर खुद को गोली न मारने की गुहार लगा रहे नईम ने कहा, मैं तो फल बेचकर अपने परिवार का गुजारा करता हूं, मुझे फंसाया गया था। अगर गलती हुई तो माफ कर दो। ऐसा बोलते-बोलते नईम ने पुलिस के सामने हाथ जोड़े। जमीन पर लेटकर थाना प्रभारी के पांव पकड़ लिए। थाना प्रभारी के कहने पर पुलिस कर्मियों ने उसे सहारा देकर उठाया। एकांत में बैठाकर पूछताछ की। पुलिस कर्मियों का कहना था कि बदमाशों पर बढ़ी सख्ती का नतीजा है कि वांछित खुद सरेंडर करने आ रहे हैं। नईम को गिरफ्तार कर लिया है। कानूनी औपचारिकताएं पूरी करके उसे जेल भेजा जाएगा।