कटघर क्षेत्र के उड़पुरा में रहने वाले निजी कंपनी के कर्मचारी के खाते से साइबर अपराधियों ने चार लाख 10 हजार रुपये उड़ा लिए। विपिन का कहना है कि उन्होंने न तो किसी को अपने बैंक खाते, डेबिट कार्ड की जानकारी न दी और न ही कोई लिंक ओपन किया था। बावजूद इनके उनके खाते से रकम निकाल ली गई। उन्होंने साइबर सेल में शिकायत कर रकम वापस कराने की गुहार लगाई है।
विपिन पाल ने बताया कि वह एक निजी कंपनी में नौकरी करते हैं। 12 मार्च की सुबह उन्होंने अपना बैंक खाता चेक किया। जिसमें चार लाख 10 हजार और एक रुपया किसी कम था। चेक करने पर पता चला कि 11 मार्च को पहले एक रुपया, फिर दो लाख रुपये और इसके बाद दो लाख रुपये इंटर नेट बैंकिंग के जरिए किसी अन्य खाते में ट्रांसफर किए गए हैं। इसके अलावा दस हजार रुपये डेबिट कार्ड से झांसी में निकाले गए हैं। विपिन ने तुरंत इस बैंक खाते गए और उन्होंने बैंक अधिकारियों को इस मामले की जानकारी दी लेकिन बैंक अधिकारियों की ओर से कोई संतोष जनक जवाब नहीं दिया गया।
विपिन का कहना है कि उन्होंने अपने खाते और डेबिट कार्ड की जानकारी फोन पर किसी को नहीं दी है। इसके अलावा उन्होंने न ही कोई लिंक ओपन किया है। इसके अलावा उन्होंने पिछले एक साल से डेबिट कार्ड का भी इस्तेमाल नहीं किया है। उन्होंने साइबर सेल में इस मामले की शिकायत रकम वापस कराने की मांग की है। विपिन का कहना है कि बैंक अधिकारी और कर्मचारियों की मिलीभगत से उनके खाते से रकम निकली है। बैंक अधिकारी और कर्मचारियों के खिलाफ भी कार्रवाई कराएंगे।