मुरादाबाद। पिछले तीन महीने में मुरादाबाद परिक्षेत्र की आय 11 प्रतिशत घटी है। रोडवेज को प्रतिदिन 10 लाख रुपये से अधिक का नुकसान उठाना पड़ रहा है। जबकि परिवहन निगम की ओर से बसों की संख्या लगातार बढ़ाई जा रही है। परिवहन निगम के अधिकारियों के अनुसार ठंड पड़ने व डग्गामार वाहनों के बढ़ने की वजह से यात्री घट रहे हैं।
मुरादाबाद परिक्षेत्र से विभिन्न रूटों पर 932 बसों का संचालन किया जाता है। ठंड व डग्गामार वाहनों की वजह से सवारियां कम हो गई हैं। इस कारण बसों का लोड फैक्टर भी घट गया है। प्रतिदिन 10 से 15 लाख रुपये का नुकसान हो रहा है। परिवहन निगम के अधिकारियों ने बताया कि मुरादाबाद परिक्षेत्र को प्रतिदिन करीब 1.10 करोड़ रुपये की इनकम हो रही है। पिछले तीन महीने से 10 लाख रुपये प्रतिदिन के हिसाब से रोडवेज को नुकसान हो रहा है। ठंड होने की वजह से कुछ रूटों पर बसों में 20 से 25 यात्री भरना मुश्किल हो जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि शादियों का सीजन शुरू होगा तब जाकर लोड फैक्टर आएगा। एआरएम (फाइनेंस) बीएल मिश्रा का कहना है कि रोडवेज को सबसे अधिक डग्गामार वाहनों के चलने से नुकसान हो रहा है। डग्गामार वाहनों पर रोक लगाने के बाद ही रोडवेज की आय में सुधार आएगा।
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वर्कशाप में 50 से अधिक बसें रहती हैं खड़ी
-यात्री नहीं मिलने की वजह से पीतलनगरी स्थित क्षेत्रीय कार्यालय में 50 से अधिक बसें खड़ी रहती हैं। नियमानुसार बसों को महीने में चार से छह दिन तक संचालन किया जाता है। इसके बाद उन्हें वर्कशाप में खड़ा कर दिया जाता है। परिवहन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि नई बसों के आने से इसकी संख्या काफी बढ़ गई है। एक-एक रूट पर 30 से 40 बसें चलाई जा रही हैं।