उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ समेत विभिन्न शहरों में वारदातों को अंजाम देने वाले जलपाईगुड़ी के ग्वाला गैंग ने ही मुरादाबाद में दरोगा एमपी सिंह और अमरोहा के ठेकेदार अनवार हुसैन से लूटपाट की थी। पुलिस के हत्थे चढ़ी लुटेरे धर्मवीर की पत्नी रेशमा और उसके देवर जय विजय ने पूछताछ में ये कबूल किया है। पुलिस ने दोनों की निशानदेही पर पचास-पचास हजार रुपये बरामद किए हैं।
एसएसपी नितिन तिवारी ने शुक्रवार दोपहर को दरोगा लूटकांड का खुलासा किया। उन्होंने बताया कि 20 जून को सिविल लाइंस क्षेत्र में बैंक से रुपये निकालकर जा रहे अमरोहा के ठेकेदार से पांच लाख रुपये लूट लिए थे। जबकि 8 जुलाई को इसी क्षेत्र में बाइक सवारों ने दरोगा एमपी सिंह से तीन लाख बीस हजार रुपये लूट लिए थे।
दोनों वारदातों को एक ही गैंग ने अंजाम दिया था। सीसीटीवी फुटेज खंगालने पर पुलिस कुछ सबूत मिले। इसके अलावा इसी गैंग ने लखनऊ भी में घटना की थी। इसके बाद पता चला कि इन वारदातों को बंगाल के जलपाईगुड़ी के ग्वाला गैंग ने अंजाम दिया है।
गैंग सदस्यों की रिश्तेदार मुरादाबाद के रेलवे हरथला कालोनी से सटे फकीरपुरा में है। सिविल लाइंस पुलिस ने गुरुवार रात रेशमा पत्नी धर्मवीर निवासी रेलवे हरथला कालोनी और उसके साथी व रिश्ते के देवर जय विजय उर्फ डैनी पुत्र लाल सिंह को गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस ने दोनों की निशान देही पर पचास पचास हजार रुपये बरामद किए हैं। एसएसपी ने बताया कि महिला मूलरूप से असम की रहने वाली है। इसकी शादी धर्मवीर के साथ हुई थी। धर्मवीर ने बंगाल के ग्वाला गैंग का सदस्य है।
इस गैंग में महिला के भाई समेत आठ लोग हैं। दरोगा और ठेकेदार से लूट में धर्मवीर, जलपाईगुड़ी निवासी चंदन, चिंटू और मिथुन शामिल थे। इंस्पेक्टर बीपी बालियान ने बताया कि फरार आरोपियों की तलाश की जा रही है।
लखनऊ समेत अन्य शहरों में 100 से ज्यादा वारदातें कर चुका गैंग
मुरादाबाद। एसएसपी ने बताया कि मुरादाबाद में दरोगा और ठेकेदार को लूटने वाले ग्वाला गैंग ने लखनऊ, बरेली, सहारनपुर, कन्नौज समेत विभिन्न शहरों में 100 से ज्यादा वारदातें की हैं। उन्होंने बताया कि महिला और उसके साथी से पूछताछ में पता चला कि इस गैंग ने 14 जुलाई को लखनऊ के कैंट क्षेत्र में गुरुद्वारा चौराहे के पास यूनाइटेड आफ इंडिया बैंक की चपरासी निर्मला देवी से बीस लाख रुपये लूट लिए थे।
वारदात के समय बैंक मैनेजर ऊषा चौधरी बैंक में रकम खत्म होने पर कोटक महेंद्रा बैंक से बीस हजार रुपये लेकर आ रही थीं। उन्होंने नोटों से भरे बैग को चपरासी को दे दिया था और वह कार पार्क करने लगी थीं। इसी दौरान बदमाश निर्मला को धक्का देकर बैग छीन कर भाग गए थे। इस वारदात से पहले इसी गैंग ने लखनऊ के हजरतगंज में दो माह पहले सिक्योरिटी एजेंसी संचालक से बीस लाख रुपये लूटे थे। इसके अलावा रिकवरी एजेंट मनीष कुमार की पत्नी सीमा से एक लाख रुपये लूटे थे।
सरगरना के एकाउंट में ट्रांसफर किए थे चार लाख
मुरादाबाद। ठेकेदार से पांच लाख की लूट के बाद ही गैंग सरगना चंदन के एकाउंट में पांच लाख पहुंच गए थे। पुलिस ने सरगरना के एकाउंट बंद करा दिया है।
जलपाईगुडी जाएगी पुलिस टीम
मुरादाबाद। वारदात को अंजाम देने वाले लुटेरों की तलाश में सिविल लाइंस पुलिस जलपाईगुड़ी जाएगी। एसएसपी ने बताया कि धर्मवीर के अलावा इस गैंग में आठ लोग हैं। अधिकांश बदमाश जलपाईगुड़ी के रहने वाले हैँ।
मददगार गिरफ्तार, लुटेरे फरार
मुरादाबाद। पुलिस ने दरोगा और ठेकेदार समेत तमाम वारदातों का खुलासा करने का दावा किया है। लेकिन पुलिस एक भी लुटेरे को गिरफ्तार नहीं कर पाई है। जो पकड़े गए हैं वह केवल मददगार हैं।