मोबाइल और पहचान की जांच जारी
पुलिस दोनों संदिग्धों के मोबाइल फोन, पहचान पत्र और आपसी संपर्कों की जांच कर रही है। यह भी पता लगाया जा रहा है कि कैंप में प्रवेश का उद्देश्य क्या था और उनका किसी संदिग्ध गतिविधि से संबंध तो नहीं है।
पहले भी हो चुका है हमला
31 दिसंबर 2007 की रात सीआरपीएफ समूह केंद्र पर आतंकियों ने हमला किया था। एके-47 और हथगोले से लैस हमलावरों ने शिविर के फाटक संख्या तीन में घुसकर फायरिंग की थी। इसमें सीआरपीएफ के सात जवान शहीद हुए थे। एक रिक्शा चालक की मौत भी हुई थी। तब से कैंप की सुरक्षा कड़ी कर दी गई है।