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रायपुर में 72 लाख रुपये की चोरी करने वाले गिरोह ने की थी मुरादाबाद में चोरियां

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बुद्वि विहार में डॉक्टर के यहां चोरी करने वाले अरोपियों का मझोला पुलिस द्वारा किया गया खुलासा। - फोटो : CITY
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मुरादाबाद। रायपुर में 72 लाख रुपये की चोरी को अंजाम देने वाले अंतरराज्यीय गैंग ने ही मुरादाबाद में चोरियां की थीं। पुलिस ने इस दावे के साथ मझोला थाना क्षेत्र के बुद्धि विहार सेक्टर सात निवासी डॉ. नौशेंद्र सिंह निवासी व सेक्टर दस निवासी बैंक कर्मी पवन कुमार सिंह के यहां हुई चोरियां का खुलासा किया। इस मामले में मेरठ और गौतमबुद्ध नगर के तीन युवकों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से 2.42 लाख रुपये, एक स्विफ्ट कार, चांदी के जेवर आदि सामान बरामद किया है। पुलिस का दावा है कि पकड़े गए आरोपी कई अन्य राज्यों में भी चोरी की घटना को अंजाम दे चुके हैं।
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मंगलवार दोपहर के गिरफ्तार तीनों आरोपी स्विफ्ट कार से कालोनी में पहुंचे थे। दोनों के बंद घर को निशाना बना कर ताला तोड़कर लाखों की नकदी, आभूषण समेत काफी सामान चोरी कर ले गए थे। रविवार को एसपी सिटी अमित कुमार आनंद और एएसपी दीपक भूकर ने मझोला थाने पर प्रेस वार्ता कर इन वारदातों का खुलासा किया। एसपी सिटी ने बताया कि मेरठ और गौतमबुद्धनगर के चार बदमाशों ने मिलकर चोरी की थी। इसमें मेरठ के भावनपुर थाना क्षेत्र के गांव रसूलपुर निवासी इमरान सैफी, उसी गांव के उसके दोस्त जावेद सैफी और गौतमबुद्धनगर सेक्टर 49 निवासी नरेंद्र उर्फ रोहित को गिरफ्तार किया गया है। जबकि इन बदामाशों के चाथे साथी शहजाद उर्फ आजाद की तलाश की जा रही है। गिरफ्तार किए गए आरोपियों के पास से 2 लाख 42 हजार रुपये, वारदात में प्रयुक्त स्विफ्ट कार, बैंक कर्मी के घर से चोरी की गई एलईडी टीवी, नौ चांदी के सिक्के, गहने, ताला तोड़ने के उपकरण और अन्य सामान बरामद किए गए हैं। आरोपियों को गिरफ्तार करने में एसओजी प्रभारी अजयपाल सिंह, एसआई जितेंद्र कुमार, लाइनपार चौकी प्रभारी विनोद कुमार आदि की महत्वपूर्ण भूमिका रही। तीनों आरोपियों को कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया गया है।
रायपुर, गुुरुग्राम तथा फरीदाबाद में कर चुके हैं वारदातें
पुलिस के हत्थे चढ़े अंतरराज्यीय चोर गिरोह के ये सदस्य वर्ष 2015 में छत्तीसगढ़ के रायपुर में 72 लाख रुपये की चोरी की घटना को भी अंजाम दे चुके हैं। तब वह कार से नहीं बल्कि ट्रेन से रायपुर गए थे। वहां आटो से रेकी करने के बाद वारदात को अंजाम दिया था। इस घटना के बाद से ही आरोपियों ने कार से चोरी की वारदात को अंजाम देना शुरू किया। गिरोह का सगरना मेरठ के रसूलपुर औरंगाबाद का इमरान सैफी है। एएसपी दीपक भूकर ने बताया कि पूछताछ के दौरान इमरान ने स्वीकार किया कि मंगलवार को बुद्धिविहार में चोरी करने से एक दिन पहले सोमवार को हरियाणा के झज्जर जिले के बहादुरगढ़ में 3.29 लाख की चोरी की थी। आरोपी गुरुग्राम और फरीदाबाद में भी वारदात कर चुके हैं। रायपुर, फरीदाबाद और गुरुग्राम की चोरी की वारदात में भी जेल जा चुके हैं।
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