कोरोना संक्रमित मरीजों के इलाज के लिए रेलवे ने मुरादाबाद में एसी और जनरल कोच खड़े कर दिए हैं। इनमें दो कोच एसी हैं। सभी 22 कोच पूरी तरह आइसोलेट हैं। कोचों को स्टेशन स्थित यार्ड में खड़ा किया गया है। अस्पतालों में बेड फुल होने की स्थिति में मरीजों को कोचों में भर्ती कराया जाएगा।
मुरादाबाद में संक्रमित मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है। रेलवे अस्पताल को कोविड एल वन श्रेणी बनाया गया है। रेलवे ने अब मरीजों की सुविधा के लिए आइसोलेशन कोच तैयार किए हैं। कोच बरेली से तैयार होकर आए हैं।
रेलवे से मिली जानकारी के मुताबिक मरीजों की देखरेख के लिए रेलवे के स्वास्थ्य विभाग का स्टाफ मौजूद रहेगा। कोच में सामान्य सुविधाओं के अलावा आक्सीजन सिलेंडर उपलब्ध रहेंगे। भर्ती मरीज की मानीटरिंग के लिए कोच में चिकित्सकीय उपकरण भी लगे हैं।
रेलवे के एसीएम नरेश कुमार ने बताया कि कोरोना संक्रमण के शुरुआती दौर से ही रेलवे ने ट्रेन के डिब्बों को आइसोलेशन वार्ड में बदलना शुरू कर दिया था। मुरादाबाद मंडल में 70 कोच आइसोलेशन वार्ड में तब्दील किए गए थे। यहां से कोच दिल्ली के आनंद विहार और अन्य जगहों के लिए भेजे गए।
नजीबाबाद जंक्शन के लिए 12 आइसोलेशन कोच मुरादाबाद से भेजे गए थे। सीनियर डीसीएम रेखा शर्मा ने बताया कि फिलहाल रेलवे अस्पताल में संक्रमितों का इलाज हो रहा है। जरूरत पड़ने पर मरीजों को आइसोलेशन कोच में रेफर किया जाएगा।