रामपुर। कांग्रेस पदाधिकारियों ने बनारस में पुराने स्टेडियम के पुर्नरुद्वार के बाद स्टेडियम से बाबू संपूर्णानंद का नाम हटाए जाने के विरोध में राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन अतिरिक्त मजिस्ट्रेट को सौंपा।
शहर अध्यक्ष नोमान खां ने कहा कि बाबू सम्पूर्णानंद जैसे लोकप्रिय, मनीषी, राजनेता का नाम किसी प्रतिष्ठान से हटा दिया जाना महज उनका और काशीवासियों की भावनाओं का ही नहीं, बल्कि पूरे प्रदेशवासियों की भावनाओं का अपमान है। यह वही भाजपा सरकार है जो महापुरुषों का अनादर करती है और पूर्वाग्रह में लगातार उनके नाम पर बनाए गए संस्थाओं का नाम बदलकर उनकी विरासत खत्म करना चाहती है। कहा कि यह विडंबना है कि जिन बाबू सम्पूर्णानंद ने बनारस का वैदिक नामकरण वाराणसी किया था। आज उसी की आड़ लेकर बाबू सम्पूर्णानंद का नाम ही हटा दिया गया। कहा कि इतना बड़ा आपत्तिजनक एवं अमर्यादित कार्य प्रधानमंत्री के हाथों से कराया गया। कहा कि अनैतिक कार्य को तत्काल रोका जाए और उस स्टेडियम का नाम बाबू सम्पूर्णानंद स्टेडियम के नाम से पुन: बहाल किया जाए। इस अवसर पर जगमोहन मोना, ताहिर अंजुम, अकरम सुलतान, रामगोपाल सैनी, सुहैल खां, अबुल हसन, नादिश खां, आरिफ अल्वी, ज़िशान रज़ा, अंकित, अमित कुमार, फैज़ान अल्वी, मणि कपूर, नासिर मलिक, मोमिन खां, यासीर शाह खां आदि मौजूद रहे।