बिलारी। ढकिया नरु गांव निवासी ई रिक्शा चालक ओमप्रकाश का शव पोस्टमार्टम के बाद जब उसके घर पहुंचा तब परिजन रोने बिलखने लगे। इस दौरान ग्रामीणों की काफी भीड़ जमा हो गई। राजस्व निरीक्षक और लेखपाल ने भी गांव पहुंचकर जानकारी जुटाई।
ओमप्रकाश का परिवार ढकिया नरु गांव में रहता है। उन्होंने थाना मझोला अंतर्गत जयंतीपुर शिवनगर में किराए का मकान ले रखा था। वह सप्ताह में एक दिन अपने गांव आते थे और अधिकतर समय जयंतीपुर में ही रहकर ई रिक्शा चलाते थे। शनिवार शाम जब ओमप्रकाश अपना ई रिक्शा गैराज में खड़ा करने जा रहे थे तभी उनके ई रिक्शा का पहिया गड्ढे में चला गया था और विद्युत ट्रांसफार्मर से छू जाने के कारण ओमप्रकाश को करंट लग गया था। उपचार के लिए जिला अस्पताल ले जाने पर चिकित्सक ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया था।
55 वर्षीय ओमप्रकाश के परिवार में पत्नी पुष्पा के अलावा तीन बेटे सुनील, लक्ष्मण और विक्की तथा दो बेटियां सोनी और संगीता हैं। ओमप्रकाश का शव ढकिया नरु गांव पहुंचते ही माहौल भावुक हो गया। कई स्थानीय भाजपा नेता भी उनके अंतिम संंस्कार में पहुंचे। ग्राम पंचायत ढकिया नरु के प्रशासक मनोहर सिंह ने बताया कि उन्होंने तहसील अधिकारियों को हादसे की सूचना दी। बाद में राजस्व निरीक्षक और लेखपाल ने गांव पहुंचकर जानकारी जुटाई मृतक के परिजनों ने राजस्व टीम से मांग उठाई कि प्रदेश शासन की ओर से उन्हें तत्काल उचित मुआवजा दिलाया जाए।