शिकंजा कसने पर प्रापर्टी डीलर हुए परेशान
मायानगर सहकारी आवास समिति पर शासन का शिकंजा कसने के बाद शहर के कुछ प्रापर्टी डीलर परेशान हो गए हैं जो मायानगर सहकारी आवास समिति की जमीन खरीद फरोख्त में संलिप्त थे। इस मामले में प्रापर्टी डीलरों ने लखनऊ और प्रयागराज का चक्कर लगाना शुरू कर दिया है। संदिग्ध प्रापर्टी डीलर जांच के भय से परेशान हैं। बता दें कि समिति के सदस्य शीशपाल की शिकायत पर तीन सदस्यीय कमेटी ने जांच किया तो पता चला कि जमीन का काफी गोलमाल किया गया है।
समिति के सदस्यों को बदलकर दूसरों को जमीनें बेची गई हैं। इसमें फर्जी डीड भी बनाए गए। प्राथमिक जांच में 100 करोड़ से अधिक का घोटाला सामने आया था। जांच में छह स्थानीय प्रापर्टी डीलरों के नाम सामने आए थे। इस मामले की जानकारी मिलने पर तत्कालीन अपर आयुक्त आवास एवं अपर निबंधन रहे विनय कुमार मिश्रा ने समिति पर शिकंजा कसना शुरू कर दिया।
उनके निर्देश पर एआईजी स्टॉप ने जमीन की खरीद बिक्री पर रोक लगा दी गई। साथ ही समिति के खातों को सशर्त फ्रीज कराने के निर्देश दिए गए। साथ ही अपर आयुक्त (आवास) के निर्देश पर डीएम अनुज सिंह ने जमीन की आडिट करने के लिए एडीएम (प्रशासन) के नेतृत्व में एसआईटी गठित कर दी। वर्तमान एडीएम (प्रशासन) संगीता गौतम जमीन की ऑडिट करा रही हैं।