स्प्रिंग फेयर की तैयारियों को अंतिम रूप दिया जा रहा है। फेयर को इंद्रधनुषी छठा बिखरेगी। वसंत के खिले और चटक रंग फेयर की स्टाल से लेकर हस्तशिल्प उत्पाद पर दिखाई देगी। बीस से 23 फरवरी तक चलने वाले फेयर निर्यातकों के बहुत उम्मीद हैं। ईपीसीएचस के आईएचजीएफ दिल्ली फेयर स्प्रिंग 2016 की तैयारियां लगभग फाइनल हो चुकी हैं।
फ्रेंकफुर्त से लौटकर स्प्रिंग में स्टाल सजाने लगे हैं। स्प्रिंग फेयर अन्य फेयर से कुछ अलग होता है। इसमें प्रदर्शित होने वाले सैंपल में रंगों की दुनिया कुछ अलग होती है। इसके लिए अलग से तैयारी की जाती है। इसमें चटक कलर वाले हस्तशिल्प उत्पादों की डिमांड अधिक होती है। उसकी आधार पर सैंपल तैयार होते हैं।
निर्यातक शरद बंसल ने बताया कि स्प्रिंग फेयर में बायर्स का कलरफुल आइटम पर जोर रहता है। वहीं नीरज खन्ना ने बताया कि फेयर के लिए रंगों के साथ प्रयोग करते हुए अलग प्रकार के प्रोडक्ट तैयार कराए गए हैं। बायर्स भी कलरफुल प्रोडक्ट पर अधिक जोर देते हैं। सुरेश गुप्ता ने बताया कि फेयर में स्टाल के लिए सैंपल जा चुके हैं। इनमें अक्तूबर फेयर की तुलना में सैंपल अलग होते हैं। जिनमें आकर्षक रंगों का प्रयोग किया जाता है।