किशोरी से दुष्कर्म में तांत्रिक को दस साल की कैद
किशोरी के साथ दुष्कर्म के दोषी तांत्रिक को अदालत ने 10 साल की कैद की सजा सुनाई। साथ ही उस पर 10 हजार रुपये जुर्माना भी लगाया। डिलारी थाना क्षेत्र में रहने वाली पीड़िता के पिता ने 25 दिसंबर 2017 को मुकदमा दर्ज कराया था। बताया था कि उत्तराखंड के देहरादून के दोईवाला का रहने वाला चिंतामणि तांत्रिक है।
वह उसकी नाबालिग बेटी को बहला-फुसलाकर 24 दिसंबर 2017 की रात करीब नौ बजे ले गय। किशोरी की काफी तलाश करने के बाद जब वह नहीं मिली तो चिंतामणि को फोन किया गया। उसने बताया कि लड़की उसके पास है। आरोपी ने धमकी दी कि अगर पुलिस कार्रवाई की तो तंत्र क्रिया कर पूरे परिवार को नष्ट कर दूंगा।
इस मामले में पुलिस ने 27 दिसंबर को देहरादून से लड़की को बरामद कर लिया था। चिंतामणि ने खाने की वस्तु में नशीला पदार्थ मिलाकर उसके साथ दुष्कर्म किया था। पुलिस ने इस मामले में आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। इस मुकदमे की सुनवाई फास्ट ट्रैक कोर्ट संख्या प्रथम मोहम्मद फिरोज की अदालत में की गई।
सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता अशोक यादव ने बताया कि इस मामले में पीड़िता ने अदालत में बयान दर्ज कराए थे। अदालत ने पत्रावली पर मौजूद साक्ष्यों के आधार पर आरोपी तांत्रिक को दुष्कर्म का दोषी करार देते हुए दस साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई। साथ ही उस पर दस हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया।