डिलारी (मुरादाबाद)। सराफ से सरेआम दो लाख रुपये की लूट और 300 ग्राम सोना लूटे जाने की घटना में पुलिस ने खुलासा करने का दावा किया है। पुलिस का दावा है कि सराफ की दुकान उसके भाइयों के साझे में थी। उनका हिस्सा हड़पने के लिए ही उसने लूट की फर्जी पटकथा लिखी थी। पुलिस का कहना है कि सराफ की मौजूदगी में उसकी दुकान के ताले तोड़कर चेक किया गया तो दुकान के भीतर से 50 हजार रुपये और जेवर बरामद हुए हैं। हालांकि खुलासे का दावा कर रही पुलिस ने सराफ को गिरफ्तार नहीं किया है।
डिलारी थाना क्षेत्र के जटपुरा गांव निवासी सराफ सोनू वर्मा ने 16 जनवरी की शाम करीब साढ़े छह बजे पुलिस को सूचना दी थी कि हथियारबंद बदमाशों ने उससे दो लाख रुपये और 300 ग्राम सोने के जेवर लूट लिए हैं। घटना की सूचना से पुलिस में हड़कंप मच गया था। पुलिस ने आनन फानन में नाकाबंदी करके लुटेरों की तलाश की थी, लेकिन कामयाबी नहीं मिली। पुलिस ने मुकदमा दर्ज करके कई संदिग्धों से पूछताछ की लेकिन सुराग नहीं लगा। डिलारी पुलिस ने रविवार को दावा किया है कि लूट की कोई घटना सराफ के साथ हुई ही नहीं थी। पुलिस का दावा है कि सराफ ने लूट की झूठी कहानी रची थी। पुलिस के मुताबिक सोनू वर्मा की दुकान उसके तीन भाइयों के साझे में है। वह अपने भाइयों का हिस्सा हड़पना चाहता था। इसलिए उसने लूट की झूठी कहानी रची थी। पुलिस के मुताबिक शनिवार को सराफ की मौजूदगी में दुकान के ताले तोड़कर चेक किया गया तो 50 हजार रुपये और जेवर दुकान से बरामद हो गए। हालांकि पुलिस यह बताने में कतरा रही है कि जब उसने घटना का सही खुलासा कर दिया है तो लूट की फर्जी सूचना देने वाले सराफ पर कार्रवाई क्यों नहीं की।