ठाकुरद्वारा (मुरादाबाद)। कोतवाली के गांव पानूवाला के जंगल से तेंदुआ किसान की बकरी को उठाकर ले गया। किसान ने किसी तरह भागकर अपनी जान बचाई। घटना से पानूवाला और आसपास के गांवों में दहशत फैल गई। कोतवाली के गांव पानूवाला निवासी फकीरा पुत्र नत्थू रविवार को अपराहन तीन बजे गांव के जंगल में जब्दी नदी के पास अपनी बकरियां चरा रहा था तभी अचानक एक तेंदुआ वहां आया। उसने बकरियों के झुंड पर हमला किया। जिस पर किसान फकीरा ने बकरियों को बचाने के लिए तेंदुए पर डंडा ताना तो तेंदुए ने उस पर हमले का प्रयास किया। जिस पर फकीरा ने वहां से भागकर किसी तरह अपनी जान बचाई। कई बकरियां तेंदुए के डर से नदी में गिर गईं। फिर भी तेंदुआ एक बकरी को उठाकर जंगल में ले गया। जंगल में ले जाकर उसने बकरी का शिकार किया। किसान ने भागकर घटना की जानकारी गांव में दी। जिस पर ग्रामीण काफी संख्या में जंगल में लाठी डंडे लेकर पहुंचे। लेकिन तेंदुआ उन्हें देखकर भाग गया। घटना के बाद पानूवाला, राजूपुर कला, मधुपुरी, पांडला आदि गांवों में दहशत फैल गई। क्षेत्र में करीब पांच वर्ष से तेंदुए का आतंक है। तेंदुए द्वारा अब तक दो बच्चों को मारा जा चुका है। एक दर्जन से ज्यादा लोगों को हमला कर घायल कर चुका है। लेकिन तेंदुए की बढ़ती गतिविधियों पर वन विभाग अंकुश लगाने में नाकाम साबित हो रहा है। जिससे ग्रामीणों का जंगल में काम करना मुश्किल हो गया है। ग्रामीणों ने वन विभाग पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए उसके प्रति रोष व्यक्त किया है। उधर वन विभाग के रेंजर दिनेश कुमार का कहना है कि उन्हें तेंदुए द्वारा बकरी का शिकार करने की घटना की कोई जानकारी नहीं मिली है।