कांठ। क्षेत्र में लगातार तेंदुए दिखाई दे हैं। कांठ के गांव भरतपुर और समदगढ़ उर्फ सिकंदराबाद में फिर तेंदुए देखे गए। समदगढ़ के ग्रामीण ने बताया कि उस जगह पर दो और तेंदुए हैं, जहां से एक सप्ताह के भीतर तीन तेंदुए पकड़े जा चुके हैं।
गांव भरतपुर निवासी सतेंद्र चौहान ने बताया कि उनके पिता लक्षेंद्र चौहान और गांव के ही चंद्रप्रकाश उर्फ चांदू ने अपने-अपने खेतों में तेंदुए को देखा है। वहीं दूसरी ओर क्षेत्र के गांव समदगढ़ उर्फ सिकंदराबाद के डॉ. जुल्फिकार अहमद, हाजी भूरे, नवाब अली, असलम आदि ग्रामीणों का कहना है कि तीन तेंदुओं के पकड़े जाने के बाद भी अभी दो और तेंदुए क्षेत्र में घूम रहे हैं। वहीं दूसरी ओर कांठ के खादर क्षेत्र स्थित गांव दरियापुर के आसपास भी लगातार तेंदुओं की गतिविधियां देखी जा रही है।
ग्रामीणों के अनुसार दो अक्तूबर को दरियापुर मार्ग पर कार सवारों ने एक साथ तीन तेंदुओं को घूमते हुए देखा था। इसके अलावा क्षेत्र के गांव अहमदपुर निंगू नंगला के पास भी एक साथ तीन तेंदुओं की गतिविधि देखी जा रही है। ग्रामीणों ने घूम रहे तेंदुओं को पकड़वाने की मांग की है।
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बोले ग्रामीण
हमारे गांव से एक सप्ताह में वन विभाग की टीम तीन तेंदुओं को पकड़ चुकी है। जिस स्थान से तीन तेंदुए पकड़े गए हैं, वहां पर अभी दो और दिखाई दे रहे हैं, इन्हें भी पकड़ा जाए। - जुल्फिकार अहमद, समदगढ़ उर्फ सिकंदराबाद
पिछले दिनों हमारे यहां तेंदुए ने महिला पर हमला कर उसे घायल कर दिया था। इसके बाद यहां से लगातार दो तेंदुए पकड़े गए थे। अब तीसरा तेंदुआ भी दिखाई दे रहा है, इसे पकड़ा जाए। - सतेंद्र चौहान, भरतपुर
गांव के आसपास और जंगल क्षेत्र में कई दिन से तेंदुए दिखाई दे रहे हैं। अक्सर यहां तेंदुए दिखाई देते रहते हैं। स्कूल-कॉलेज आने-जाने में बच्चों को भी डर लगा रहता है। - अमीचंद्र सिंह सैनी, दरियापुर
क्षेत्र में तेंदुओं की मौजूदगी के कारण किसान खेतों में काम नहीं कर पा रहे हैं, जिस कारण कृषि कार्य भी प्रभावित हो रहा है। हर समय तेंदुए का डर लगा रहता है। - हरिराज सिंह, रफायतपुर
हमारे गांव के मार्ग पर अक्सर तेंदुए दिखाई देते रहते हैं। शनिवार को मैं स्योहारा से साइकिल से लौट रहा था तभी अचानक तेंदुए ने पीछे से मुझ पर हमला कर दिया था। - कान सिंह, दरियापुर