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मुरादाबाद में तेंदुए की दहशत: राईभूड़ में एक और किसान को बनाया निशाना, मलकपुर सेमली का हमलावर 11 दिन बाद कैद

Fri, 14 Aug 2026 01:17 PM IST
Vimal Sharma संवाद न्यूज एजेंसी, ठाकुरद्वारा (मुरादाबाद)

सार

मुरादाबाद जिले में तेंदुए की दहशत बरकरार है। राईभूड़ में शुक्रवार सुबह तेंदुए के हमले में किसान ओम प्रकाश सिंह घायल हो गए। उनका सरकारी अस्पताल में उपचार चल रहा है। उधर, मलकपुर सेमली में तीन लोगों पर हमला करने वाला तेंदुआ 11 दिन बाद पकड़ा गया है।
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ठाकुरद्वारा में पकड़ा गया तेंदुआ - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
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विस्तार
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ठाकुरद्वारा क्षेत्र के गांव राईभूड़ निवासी किसान ओम प्रकाश सिंह (50) पर शुक्रवार सुबह गन्ने के खेत में तेंदुए ने हमला कर दिया। वह गांव के लोगों के साथ पशुओं के लिए पत्ती का चारा उतार रहे थे। तेंदुए ने उनकी कमर और सीने पर पंजों से कई वार किए, जिससे वह घायल हो गए। परिजन उन्हें निजी वाहन से नगर के सरकारी अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां उनका उपचार चल रहा है।

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इसी बीच मलकपुर सेमली गांव में तीन लोगों पर जानलेवा हमला कर दहशत का पर्याय बने नर तेंदुए को वन विभाग की टीम ने बृहस्पतिवार को 11 दिन बाद ट्रैप केज में कैद कर लिया। तेंदुए को पकड़ने के लिए थर्मल ड्रोन से निगरानी और पंजों के निशान से उसकी लोकेशन ट्रैक की जा रही थी।

तेंदुए के पकड़े जाने की खबर मिलते ही ग्रामीणों ने राहत की सांस ली। मलकपुर सेमली गांव में पिछले कई दिनों से तेंदुए की मौजूदगी बनी हुई थी। खेतों और गांव के आसपास लगातार उसकी गतिविधियां दिखाई देने के साथ ही उसने तीन लोगों पर हमला किया था।

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इससे ग्रामीणों में दहशत फैल गई थी। लोग अकेले खेतों पर जाने से बच रहे थे। शाम होते ही ग्रामीण घरों में कैद हो जाते थे और खेतों की ओर जाने से भी परहेज कर रहे थे। तेंदुए को पकड़ने के लिए वन विभाग की टीम ने पहले से दो ट्रैप केज लगा रखे थे। बुधवार को अभियान तेज करते हुए दो और पिंजरे लगाए गए।

इसके साथ ही खेतों और आसपास के इलाकों में थर्मल ड्रोन उड़ाकर तेंदुए की तलाश की गई। वनकर्मियों ने उसके पंजों के निशानों के आधार पर उसकी आवाजाही वाले स्थान चिह्नित किए और लगातार निगरानी रखी। बृहस्पतिवार को निगरानी के दौरान तेंदुआ ट्रैप केज में फंस गया।

उसके पिंजरे में कैद होने की जानकारी मिलते ही वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और आवश्यक प्रक्रिया पूरी की। तेंदुए के पकड़े जाने के बाद ग्रामीणों ने राहत की सांस ली। लगातार हमलों के कारण कई दिनों से गांव में बना डर भी कम हुआ है।

11 दिन से चल रहा था रेस्क्यू अभियान
डीएफओ डॉ. विनय पांडे ने बताया कि क्षेत्र में तेंदुओं की सक्रियता को देखते हुए 11 दिन से रेस्क्यू अभियान चलाया जा रहा था। मलकपुर सेमली में तेंदुए ने तीन लोगों पर हमला किया था, जिसके बाद उसे पकड़ना वन विभाग के लिए चुनौती बना हुआ था। अभियान में मुरादाबाद वन प्रभाग के साथ वाइल्डलाइफ एसओएस आगरा की टीम और संभल, रामपुर, बिजनौर व अमरोहा वन प्रभागों के कर्मचारी भी जुटे रहे।

राईभूड़ में भी तेंदुए का हमला, किसान घायल
ठाकुरद्वारा क्षेत्र के गांव राईभूड़ में भी तेंदुए के हमले में एक और किसान घायल हो गया। तेंदुए के हमले के बाद परिजन किसान को निजी वाहन से सरकारी अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां उसका उपचार कराया गया। क्षेत्र में लगातार तेंदुओं की सक्रियता को देखते हुए वन विभाग की टीमें निगरानी कर रही हैं।
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ठाकुरद्वारा क्षेत्र में तीन तेंदुए पकड़े गए
वन विभाग के अनुसार ठाकुरद्वारा क्षेत्र में अब तक तीन तेंदुओं को पकड़ा जा चुका है। मलकपुर सेमली में तेंदुए के पकड़े जाने के बाद वन विभाग ने राहत की सांस ली है, लेकिन आसपास के इलाकों में तेंदुओं की सक्रियता को देखते हुए निगरानी जारी रखी जा रही है।
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