प्रत्येक जोन में पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी जिम्मेदारी संभालेंगे, जबकि सेक्टर स्तर पर सीओ व अन्य पुलिस अफसरों को लगाया है। सीओ इलेक्शन ने बताया कि उप चुनाव में 2628 हेड कांस्टेबल/कांस्टेबल तैनात किए गए हैं। इसके अलावा 176 इंस्पेक्टर व सब इंस्पेक्टर लगाए गए हैं। हेड कांस्टेबल/कांस्टेबल में से 702 सशस्त्र और 449 बिना शस्त्र वाले रखे गए हैं।
552 महिला कांस्टेबल और 807 होमगार्ड भी लगाए गए हैं। इनके अतिरिक्त साढ़े 12 सेक्शन अर्थात साढ़े चार प्लाटून पीएसी लगाई गई है। केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल (सीएपीएफ) के जवानों की साढ़े 26 प्लाटून उप चुनाव में तैनात हुई हैं अर्थात सीएपीएफ के 866 जवान चुनाव में ड्यूटी पर लगे हैं।
सीओ इलेक्शन ने बताया कि विधानसभा क्षेत्र में एक बूथ वाले 94 मतदान केंद्र हैं। इन पर 188 सशस्त्र हेड कांस्टेबल/कांस्टेबल और इतनी ही संख्या में महिला कांस्टेबल तैनात हुई हैं। इन बूथों पर कुल 188 होमगार्ड भी लगाए गए हैं। साथ ही 12 सेक्शन सीएपीएफ के जवान लगाए गए हैं।
इसी तरह दो बूथ वाले 80 मतदान केंद्र, 3 बूथ वाले 28 एवं 4 बूथ वाले 20 मतदान केंद्र बने हैं। इनके अतिरिक्त 5, 6 व 7 बूथ वाले मतदान केंद्रों की संख्या एक-एक है। इन सभी पर मतदाताओं को निष्पक्ष एवं शांतिपूर्ण मतदान का माहौल देने के लिए सुरक्षा व्यवस्था दी जा रही है।
दो बूथ वाले केंद्रों पर लगेंगे दो सशस्त्र जवान
सीओ इलेक्शन ने बताया कि बूथ ड्यूटी में गैर जिलों के फोर्स को लगाया गया है। जबकि बूथ के बाहर की सुरक्षा व्यवस्था की जिम्मेदारी स्थानीय पुलिस को दी गई है। एक बूथ वाले मतदान केंद्रों पर सशस्त्र दो जवान लगाए गए हैं। दो बूथ वाले मतदान केंद्रों पर सशस्त्र दो जवान और एक डंडे वाले को लगाया गया है।
तीन बूथ वाले मतदान केंद्रों पर सशस्त्र दो और बिना सशस्त्र वाले एक जवान एवं एक इंस्पेक्टर या दरोगा को भी लगाया गया है। चार बूथ वाले मतदान केंद्रों पर एक इंस्पेक्टर या दरोगा और सशस्त्र व बिना शस्त्र के दो-दो हेड कांस्टेबल/ कांस्टेबल को लगाया गया है।
बूथ स्तर पर लगाया पुलिस बल
सीओ इलेक्शन ने बताया कि बूथ स्तर पर 53 इंस्पेक्टर, 450 सशस्त्र हेड कांस्टेबल/कांस्टेबल, 160 बिना शस्त्र वाले जवान भी लगाए गए हैं। साथ ही चुनाव में कुल 530 महिला कांस्टेबल और 664 होमगार्डों को तैनात किया गया है।
मतगणना को मंडी में बैरिकेडिंग लगाई गई
कुंदरकी विधानसभा उपचुनाव की मतगणना कृषि उत्पादन मंडी समिति में होगी। मतगणना के लिए मंडी परिसर में बैरिकेडिंग की गई है। कर्मचारियों को भी अंदर जाने के लिए तीन बैरिकेडिंग को पार करना होगा। जिला निर्वाचन अधिकारी के निर्देश पर मंडी परिसर के गोदाम में मतगणना के लिए कुर्सी टेबल अंदर लगा दिए गए हैं। एजेंटों के खड़े होने के लिए पिछले चुनाव की तरह व्यवस्था की गई है। मतगणना स्थल के इर्द गिर्द त्रिस्तरीय सुरक्षा व्यवस्था रहेगी।
ईवीएम मंडी में रखने का काम शुरू
जिले के अधिकारियों व राजनीतिक दलों के समक्ष ईवीएम ववीवीपैट का रेंडमाइजेशन किया गया। डीएम ने बताया कि देर रात तक ईवीएम और वीवीपैट कड़ी सुरक्षा के बीच मंडी परिसर स्थित हाल में रखा जाएगा। सुबह पोलिंग पार्टियों के साथ ईवीएम बूथ स्थलों के लिए भेजी जाएगी।