मुरादाबाद। अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश (नौ) मित्रपाल सिंह की अदालत ने शनिवार को महिला की हत्या के मामले में फैसला सुनाया। अदालत ने मुलजिम पति को दोषी करार देते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई, जबकि दोषी पर जुर्माना भी लगाया गया है।
सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता अनिल कुमार चौहान ने बताया कि 22 जून 2018 को संभल जनपद के नखासा निवासी अरविंद कुमार ने नागफनी थाने में अपने बहनोई बॉबी के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। अरविंद की बहन अनीता अपने पति बॉबी और दो बच्चे नवाब पुरा में भागवती के मकान में किराये रहते थे। बॉबी दहेज के लिए अनीता को तंग करता था। अनीता ने उसके बॉबी के खिलाफ दहेज उत्पीड़न की रिपोर्ट दर्ज करा दी थी। जिसे लेकर बॉबी अनीता से नाराज था। 22 जून 2018 को आरोपी बॉबी ने पत्थर से पीट-पीटकर अनीता की हत्या कर दी थी। इसके बाद आरोपी मौके से फरार हो गया था। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। पुलिस ने केस की तफ्तीश पूरी करने के बाद आरोपी पति के खिलाफ अदालत में चार्जशीट दाखिल की थी। इस मामले की सुनवाई एडीजे नौ मित्रपाल सिंह की अदालत में चली। जिसमें सरकार की ओर से एडीजीसी अनिल कुमार चौहान ने पक्ष रखा और मुलजिम को कड़ी से कड़ी दिलाने की दलीलें दीं। अरविंद, मकान मालकिन समेत ग्यारह लोगों की गवाही हुई। अदालत ने पोस्टमार्टम रिपोर्ट, गवाही, साक्ष्यों का अध्ययन करने और दोनों पक्षों को सुनने के बाद मुलजिम बॉबी को दोषी करार देते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई है।
ईंट से कूंचकर की थी हत्या, चकनाचूर हो गई थी हड्डियां
मुरादाबाद। ये घटना नागफनी के नवाबपुरा में 22 जून 2018 को सुबह पांच बजे हुई थी। उस वक्त अधिकांश लोग अपने घरों में सो रहे थे। बॉबी ने पत्नी को पहले छत पर पीटा। इसके बाद कमरे में अंदर ले गया और चार साल के बेटे को कमरे से बाहर निकालकर दरवाजा बंद कर पत्नी के मुंह में कपड़ा घूंस कर ईंट से पीट पीट कर हत्या कर दी थी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में 21 चोटों के निशान पाए गए थे। बॉबी और अनीता के दो बेटे देवेश और पुष्पेंद्र हैं।