बीए, बीएससी गणित व बीकॉम में लगभग 500 सीटें खाली हैं। पहले प्रवेश की अंतिम तारीख 20 जुलाई थी, इसके बाद इसे 31 जुलाई तक बढ़ाया गया। अब एक बार फिर तारीख बढ़ाकर पांच अगस्त कर दी गई है। प्राचार्य प्रो. एसएस रावत ने बताया कि बीएससी बायो में सीटें भर चुकी हैं। अन्य पाठ्यक्रमों में प्रयासों के बाद भी छात्रों की रुचि कम है। 2020 से पहले तक इन पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए मेरिट सूची जारी होती थी, लेकिन इस बार सीटें ही नहीं भर पा रही हैं।
इस बीच परास्नातक के पंजीकरण भी शुरू कर दिए गए हैं। प्राचार्य के मुताबिक एमए व एमएससी आदि पाठ्यक्रमों में करीब 1500 सीटें हैं। इनके लिए विद्यार्थी पंजीकरण करा रहे हैं। नई शिक्षा नीति के तहत रक्षा एवं स्ट्रेटेजिक अध्ययन में परास्नातक करने के लिए ऐसे छात्रों को भी मौका दिया जा रहा है, जिनके पास स्नातक में यह विषय नहीं रहा हो। 10 अगस्त तक पंजीकरण होंगे। विश्वविद्यालय व कॉलेज की साइट पर पंजीकरण कराने के बाद ऑनलाइन फीस जमा होगी।
छूटे हुए छात्रों को पांच अगस्त तक मिलेंगे टैबलेट
प्राचार्य प्रो. रावत ने बताया कि कई छात्र ऐसे हैं जिनके नाम सूची में होने के बाद भी उन्हें टैबलेट नहीं मिल पाया है। ऐसे छात्रों को एक से पांच अगस्त तक टैबलेट वितरित किए जाएंगे। ये छात्र अपने विभागों में जाकर टैबलेट प्राप्त कर सकते हैं। इसके लिए विभागाध्यक्षों को निर्देशित कर दिया गया है। छात्र सुबह 11 से दोपहर 2 बजे तक टैबलेट प्राप्त कर सकते हैं।