राज्य कर विभाग के अधिकारियों को खरीद-बिक्री का डाटा विश्लेषण करने के बाद पता चला कि तीन कारोबारी जीएसटी की चोरी कर रहे हैं। सरकार से पैसा हड़पने के लिए कारोबारियों ने आईटीसी (इनपुट टैक्स क्रेडिट) क्लेम भी किया था। इस मामले में अपर आयुक्त ग्रेड-1 आरएस द्विवेदी ने कार्रवाई करने के निर्देश दिए। छापा मारने के लिए अपर आयुक्त ग्रेड-2 आरए सेठ ने टीमें गठित कीं। बृहस्पतिवार को टीमों ने शहर के रहमतनगर करूला स्थित एक स्क्रैप कारोबारी के गोदाम और फर्म पर छापा मारा। जांच में पता चला कि कारोबारी एल्युमिनियम इंगट एवं स्क्रैप की खरीद-बिक्री करता है। उसने बोगस फर्म से खरीद दिखाकर आईटीसी क्लेम कर दिया। दो करोड़ से अधिक की जीएसटी चोरी पकड़ी गई। वह कैश के रूप में कम पैसे जमा कर रहा था। भौतिक सत्यापन में माल घोषित स्टॉक से कम पाया गया। जांच में पकड़े जाने पर कारोबारी ने तत्काल 41.66 लाख रुपये जमा कर दिए।
मुरादाबाद शहर और रामपुर की फर्मों की जांच का नेतृत्व संयुक्त आयुक्त (एसआईबी) एसपी तिवारी और मिलिंद राज ने किया। वहीं बिजनौर में जांच संयुक्त आयुक्त प्रीति शर्मा (एसआईबी) के नेतृत्व में की गई।